



भागलपुर। रविवार को बीएसपीएचसीएल (बिहार स्टेट पावर होल्डिंग कंपनी लिमिटेड) द्वारा आयोजित परीक्षा में भारी अव्यवस्था और धांधली के आरोपों को लेकर हंगामा हो गया। परीक्षा केंद्र पर पहुंचे अभ्यर्थियों ने आरोप लगाया कि केंद्र में घोर लापरवाही बरती गई और परीक्षा में पारदर्शिता नहीं रखी गई।
जानकारी के अनुसार, परीक्षा में रिपोर्टिंग का समय सुबह 11 बजे से दोपहर 12 बजे तक निर्धारित था, लेकिन अधिकांश अभ्यर्थियों को डेढ़ बजे के आसपास ही केंद्र में प्रवेश दिया गया। इस दौरान अभ्यर्थियों को बताया गया कि सर्वर डाउन होने के कारण प्रवेश में विलंब हो रहा है। परीक्षा केंद्र पर कुल 250 अभ्यर्थियों को शामिल होना था, लेकिन लगभग 150 अभ्यर्थी ही परीक्षा दे सके। शेष 100 अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र के भीतर जाने नहीं दिया गया।
बाहर खड़े अभ्यर्थियों ने आरोप लगाया कि प्रवेश के लिए उनसे ओरिजिनल आधार कार्ड और अन्य दस्तावेज मांगे जा रहे थे, जबकि इसके लिए पूर्व में कोई स्पष्ट निर्देश नहीं दिया गया था। कई अभ्यर्थियों ने यह भी कहा कि यदि कोई एक मिनट भी देर करता है तो उसे परीक्षा में बैठने नहीं दिया जाता, लेकिन इस परीक्षा में खुद परीक्षा केंद्र की ओर से डेढ़ घंटे की देरी से प्रवेश दिया गया।
स्थिति तब और बिगड़ गई जब नाराज़ अभ्यर्थियों ने परीक्षा केंद्र के बाहर नारेबाजी शुरू कर दी और पेपर लीक व धांधली के आरोप लगाए। गुस्साए छात्रों ने केंद्र के गेट को तोड़ने की कोशिश की, जिसके बाद पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा। इस दौरान एक छात्रा बेहोश हो गई, जबकि कुछ अन्य छात्रों को हल्की चोटें आईं।

परीक्षा केंद्र भागलपुर के कंपनीबाग स्थित जगलाल उच्च विद्यालय में बनाया गया था। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय थाना पुलिस मौके पर पहुंची और भीड़ को नियंत्रित करने का प्रयास किया।
हंगामे की सूचना मिलते ही सदर एसडीएम विकास कुमार दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों से बातचीत की और उन्हें शांत कराया। प्रशासन ने पूरे मामले की जांच कराने की बात कही है।













