



भागलपुर। जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी की अध्यक्षता में उनके कार्यालय कक्ष में विभिन्न विभागों के कार्यों की व्यापक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में आपदा प्रबंधन से लेकर विकास कार्यों तक के मुद्दों पर गहन चर्चा की गई।
आपदा प्रबंधन की समीक्षा:
सर्वप्रथम, आपदा प्रबंधन की तैयारियों की समीक्षा की गई, जिसमें यह पाया गया कि भागलपुर जिले में नदियों का जलस्तर बढ़ने के कारण बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। अपर समाहर्ता, आपदा प्रबंधन, कुंदन कुमार ने जानकारी दी कि बाढ़ से निपटने के लिए व्यापक तैयारी की गई है। जिले में एसडीआरएफ की 12 टीमें तैनात हैं और गोताखोरों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की सूची तैयार कर ली गई है, जिसमें प्रभावित अंचल, पंचायत और गांव शामिल हैं।

इसके अलावा, जिले में 22 हजार पॉलिथीन सीट्स की उपलब्धता, जीवन रक्षक दवाओं और पशु चारे की व्यवस्था की गई है। सभी अंचलों में 171 शरण स्थल चिन्हित हैं और 166 विद्यालयों को सामुदायिक किचन के रूप में उपयोग के लिए तैयार किया गया है। 128 निजी नावों की सूची भी तैयार है, जो बाढ़ के दौरान उपयोग की जाएगी। जल संसाधन विभाग द्वारा तटबंधों की स्थिति पर निगरानी रखी जा रही है।
भू-अर्जन और विकास कार्यों की समीक्षा:

इसके बाद, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी राकेश कुमार ने विभिन्न विकास कार्यों जैसे भोलानाथ पुल, एकचारी-महागामा फोरलेन सड़क, बौंसी रेलवे ओवर ब्रिज, जलापूर्ति योजना और बस अड्डे के भू-अर्जन की स्थिति की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि रेलवे के 18 स्थानों में से 15 का भू-अर्जन पूरा हो चुका है। जिलाधिकारी ने मैप की प्राप्ति के निर्देश दिए ताकि प्रोजेक्ट की स्थिति का सही आंकलन किया जा सके।
स्वच्छता और अन्य योजनाओं पर चर्चा:
विकास शाखा ने अपशिष्ट प्रसंस्करण इकाई, स्वच्छता अभियान, डोर टू डोर कचरा उठाने के कार्यक्रम, आवास योजना और मनरेगा योजनाओं की स्थिति पर विस्तृत जानकारी दी। जिलाधिकारी ने उप-विकास आयुक्त प्रदीप कुमार सिंह को निर्देशित किया कि इन सभी योजनाओं की समीक्षा उनके स्तर से कराई जाए।
आरटीपीएस में सफलता:
इस बैठक में, जिलाधिकारी ने बिहार लोक सेवा अधिकार अधिनियम (आरटीपीएस) के तहत भागलपुर जिले के पहले स्थान पर पहुंचने पर जिला आईटी प्रबंधक पूनम कुमारी को बधाई दी। उन्होंने यह भी कहा कि इस सफलता को बनाए रखने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए।
सीसीटीवी कैमरा और सड़क मरम्मत:
बैठक में सुरक्षा व्यवस्था के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश भी दिए गए। विक्रमशिला पुल पर सीसीटीवी कैमरों को आईट्रिपल सीसीसी से जोड़ने की बात कही गई। इसके अलावा, कार्यपालक अभियंता एनएच को भागलपुर जीरो माइल से नवगछिया जीरो माइल तक सड़क की मरम्मत 48 घंटे के भीतर करने का आदेश दिया गया।
बैठक में पंचायत सरकार भवन, विद्युत, पीएचइडी विभागों की समीक्षा भी की गई। सभी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए।
इस बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने सभी विभागों से उनके कार्यों की स्थिति पर निरंतर निगरानी रखने की बात कही और आपदा प्रबंधन, विकास योजनाओं तथा सुरक्षा व्यवस्था को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया।













