



भागलपुर: राष्ट्रीय मानवाधिकार एवं आरटीआई जागरूकता संगठन भारत की झारखंड इकाई को एक महिला काजल कुमारी द्वारा आवेदन प्राप्त हुआ है, जिसमें उसने अपने ससुराल पक्ष पर दहेज को लेकर प्रताड़ित करने और मारपीट कर घर से निकाल देने का आरोप लगाया है।
आवेदन के अनुसार, काजल कुमारी, जो ठाकुरगंगटी थाना क्षेत्र के मोडीहा गांव की निवासी है, ने बताया कि उसके पति और सास ने दहेज की मांग को लेकर उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया। पीड़िता का ससुराल बिहार राज्य के भागलपुर जिले के सन्हौला थाना क्षेत्र स्थित ताड़र गांव में है। उसके पति का नाम नीरज कुमार साह है, जो स्व. श्याम साह के पुत्र हैं।
इस मामले को गंभीरता से लेते हुए राष्ट्रीय मानवाधिकार एवं आरटीआई जागरूकता संगठन के पदाधिकारियों की एक टीम भागलपुर मुख्यालय से सन्हौला थाना पहुंची। टीम में मीडिया प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष विभूति सिंह, खेल प्रकोष्ठ के प्रदेश महासचिव सुबोध कुमार भारती, रोजगार प्रकोष्ठ के जिला वरिष्ठ सचिव योगेश कुमार वर्मा, आरटीआई प्रकोष्ठ के जिला अध्यक्ष संजीव कुमार सिंह, रोजगार प्रकोष्ठ के जिला महामंत्री अवधेश कुमार, मीडिया प्रकोष्ठ के जिला वरिष्ठ सचिव बंटी कुमार और जिला प्रवक्ता मुकेश कुमार यादव शामिल थे।

झारखंड से भी संगठन की टीम मौके पर पहुंची, जिसमें प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मण जायसवाल, प्रदेश वरिष्ठ सचिव वंशीलाल यादव और महिला प्रकोष्ठ की प्रखंड अध्यक्ष हुस्न आरा शामिल थीं।
सन्हौला थाना में प्रभारी थानाध्यक्ष राजेश कुमार सिंह ने सभी पदाधिकारियों से मुलाकात की और मामले में सहयोग का आश्वासन दिया। इसके बाद बिहार और झारखंड की संयुक्त टीम थाना की गश्ती टीम के साथ ताड़र गांव पहुंची, जहां मामले की जानकारी ली गई।
इसी दौरान, काजल कुमारी का पति नीरज कुमार साह स्वयं थाना पहुंचा और संगठन के पदाधिकारियों से बात की। उसने अपनी पत्नी और बच्चे को सही-सलामत रखने का आश्वासन दिया और भविष्य में किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने का वादा किया।













