



भागलपुर शहर के दीप प्रभा सिनेमा हॉल में शनिवार, 19 जुलाई 2025 से पटना के प्रख्यात जादूगर शंकर सम्राट के जादुई खेल का शुभारंभ हुआ। लंबे समय बाद अंग प्रदेश के हृदय स्थल भागलपुर में लोग उनके जादू का आनंद उठा रहे हैं। पहले ही दिन बड़ी संख्या में दर्शकों की भीड़ उमड़ी और शंकर सम्राट ने अपनी अद्भुत जादूई कला से सबको मंत्रमुग्ध कर दिया।
यह शो पहले 11 जुलाई से शुरू होने वाला था, लेकिन तकनीकी कारणों से इसकी शुरुआत 19 जुलाई से की गई। जादूगर शंकर सम्राट अब तक बिहार, झारखंड, ओडिशा, छत्तीसगढ़ सहित कई राज्यों और सिंगापुर, काठमांडू, मस्कट जैसे देशों में करीब 41,000 से अधिक शो कर चुके हैं।

शनिवार को आयोजित प्रेस वार्ता में शंकर सम्राट ने बताया कि वे पिछले 22 वर्षों से इस क्षेत्र में सक्रिय हैं और उनका उद्देश्य है जादू के माध्यम से समाज में व्याप्त अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र जैसी धारणाओं को तोड़ना। उन्होंने कहा कि जादू विज्ञान और योग पर आधारित एक प्राचीन भारतीय कला है, जो चौंसठ कलाओं में से एक है। इसे संरक्षित किया जाना चाहिए।

शो में मल्टीमीडिया इफेक्ट्स का किया जा रहा है विशेष इस्तेमाल
उन्होंने बताया कि इस शो में स्टैच्यू ऑफ लिबर्टी को गायब करना, हवा में तैरता बक्सा, चलते पंखे पर इंसान, जलती आग से लड़की का प्रकट होना, माइंड रीडिंग, सम्मोहन जैसे कई आश्चर्यचकित कर देने वाले प्रदर्शन किए जाएंगे। इसके साथ ही जापान के भूतों का डांस, मिस्र की प्रेम कहानी, इच्छाधारी नागिन की आधुनिक प्रस्तुति और बच्चों के मनोरंजन के लिए लाइव डायनासोर की झलक भी दिखाई जाएगी।
शंकर सम्राट ने कहा कि उनका मानना है कि जादू सिर्फ मनोरंजन नहीं बल्कि विज्ञान का संदेश है। उन्होंने समाज से अपील की कि इस विलुप्त होती कला को बचाने में सहयोग करें।













