



नवगछिया के बाल भारती, पोस्ट ऑफिस रोड, नवगछिया के प्रांगण में शुक्रवार को राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम्’ की 150वीं वर्षगांठ बड़े हर्षोल्लास और उत्साह के साथ मनाई गई। इस अवसर पर विद्यालय के सभी शिक्षक और शिक्षिकाएँ उपस्थित थे।

कार्यक्रम की शुरुआत एरोम्बली के दौरान हुई। शिक्षक के. सी. मिश्रा, सुनील कुमार पाठक, भूपेंद्र झा और शिक्षिका सिम्मी बानो, दीपा झा ने अपने-अपने विचार व्यक्त किए और विद्यार्थियों को देशभक्ति की भावना से ओतप्रोत रहने की प्रेरणा दी।
विद्यालय के प्राचार्य कौशल जायसवाल ने राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम्’ गाया और छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि हमें अपने देश से प्रेम करना चाहिए और अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से पालन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि ‘वंदे मातरम्’ वास्तव में भारत की आत्मा है, जो हमें शक्ति और प्रेरणा प्रदान करता है।

सभी विद्यार्थियों में इस अवसर पर उत्साह की लहर देखने को मिली। पूरे विद्यालय प्रांगण में ‘वंदे मातरम्’ के स्वर गूंज उठे और बच्चों ने राष्ट्रभक्ति के भाव के साथ इस कार्यक्रम में भाग लिया।
कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में देशभक्ति की भावना को जागृत करना और उन्हें अपने राष्ट्रीय कर्तव्यों के प्रति सजग बनाना था।
















