



नवगछिया : बाल भारती विद्यालय में सीबीएसई के अंतर्गत मूल्य शिक्षा के विषय पर एक महत्वपूर्ण शिक्षक प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य शिक्षकों को नैतिक मूल्यों, सकारात्मक व्यवहार, जीवन कौशल और चरित्र निर्माण आधारित शिक्षण पद्धतियों से सशक्त बनाना था।

कार्यक्रम की मुख्य प्रशिक्षक अरुणिमा खरे, संत जोसेफ, कहलगांव ने मूल्य शिक्षा की आधुनिक परिभाषा, विद्यार्थियों के संपूर्ण व्यक्तित्व निर्माण में इसकी अनिवार्यता और विद्यालय के वातावरण पर इसके सकारात्मक प्रभाव पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने इंटरएक्टिव गतिविधियों, उदाहरणों और प्रभावी शिक्षण तकनीकों के माध्यम से सत्र को ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायी बनाया।
साथ ही प्रशिक्षक पल्लवी कुमारी, डीएवी, बरारी ने भी विषय को सरल, व्यावहारिक और आकर्षक ढंग से प्रस्तुत किया। उनके स्पष्ट व्याख्यान और वास्तविक जीवन से जुड़े उदाहरणों ने प्रशिक्षण को और अधिक प्रभावी बनाया।
कार्यक्रम में विद्यालय के प्राचार्य नवनीत सिंह ने कहा कि “मूल्य शिक्षा किसी भी शिक्षा प्रणाली की नींव है। यदि शिक्षक स्वयं मूल्यों को आत्मसात कर शिक्षण में शामिल करें, तो विद्यार्थी स्वाभाविक रूप से एक बेहतर इंसान और जिम्मेदार नागरिक बनते हैं।” उन्होंने प्रशिक्षकों के प्रयासों की सराहना की और ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रमों के महत्व पर जोर दिया।

प्रशासक डी. पी. सिंह ने कहा कि “आज के समय में शिक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञान प्रदान करना नहीं, बल्कि बच्चों को संवेदनशील, जिम्मेदार और नैतिक रूप से मजबूत बनाना है। यह प्रशिक्षण शिक्षकों को उस दिशा में मार्गदर्शन प्रदान करता है।” उन्होंने प्रशिक्षकों का सम्मान करते हुए उनकी विशेषज्ञता और समर्पण की प्रशंसा की।
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय प्रबंधन ने विश्वास व्यक्त किया कि यह प्रशिक्षण शिक्षकों के व्यवहारिक शिक्षण कौशल को और समृद्ध करेगा तथा विद्यालय में एक मूल्य-समृद्ध, सकारात्मक और प्रेरणादायी वातावरण को और मजबूत करेगा।
प्रशिक्षण में शिक्षक-शिक्षिकाओं के रूप में राजेश झा, पूनम मवंड़िया, निखिल चिरानिया, कामाख्या कुमारी, वंदना कुमारी, सुमन झा, किरण शर्मा, कुमारी, सुमित ठाकुर, प्रिंस झा, मधुलिका कुमारी, शिवानी सिंह, नेहा भगत, राखी कुमारी सहित कई अन्य शिक्षक मौजूद थे।













