



भागलपुर। जिले में गंगा नदी के जलस्तर में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है, जिससे निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को थोड़ी राहत मिली है। बीते कुछ दिनों की तुलना में अब गंगा का पानी धीरे-धीरे घट रहा है, जिससे बाढ़ की स्थिति में कुछ सुधार देखने को मिला है। हालांकि, प्रशासनिक स्तर पर अभी भी खतरा पूरी तरह टला नहीं माना जा रहा है।

जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग अब भी सतर्क मोड में है। अधिकारियों की टीमें लगातार हालात पर नजर रख रही हैं और निचले इलाकों की निगरानी की जा रही है। जलस्तर में गिरावट के बावजूद राहत और बचाव कार्य की तैयारियों में कोई कमी नहीं रखी जा रही है।
नावों की उपलब्धता, राहत सामग्री और आवागमन की वैकल्पिक व्यवस्था को लेकर प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए जिला स्तर पर आवश्यक संसाधनों को तैयार रखा गया है।
जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी ने कहा कि “गंगा के जलस्तर में कमी राहत की बात है, लेकिन सतर्कता अब भी जरूरी है। प्रशासन पूरी तरह तैयार है और लोगों से अपील है कि किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें। यदि किसी को मदद की आवश्यकता हो तो तत्काल प्रशासन से संपर्क करें।”

प्रशासन द्वारा बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी गई है ताकि किसी भी संभावित खतरे से समय रहते निपटा जा सके।













