



भागलपुर। सुल्तानगंज से शुरू होने वाले विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेले के आरंभ में अब कुछ ही दिन शेष रह गए हैं, लेकिन तैयारियों को लेकर प्रशासन और नगर परिषद के तमाम दावे ज़मीनी हकीकत के सामने खोखले साबित हो रहे हैं।

नमामि गंगे घाट की ओर जाने वाले कांवरिया मार्ग पर इस समय नाले का गंदा और बदबूदार पानी बह रहा है, जिससे श्रद्धालुओं को गंभीर असुविधा का सामना करना पड़ सकता है। बताया जा रहा है कि जिस नाले का निर्माण कार्य शुरू हुआ था, वह अधूरा रह गया, जिसके चलते उसका गंदा पानी खुले मार्ग पर फैल रहा है।
ऐसे में यह सवाल उठना लाज़मी है कि जब सरकार इस मेले पर हर साल करोड़ों रुपये खर्च करती है, तो व्यवस्था अधूरी क्यों रह जाती है? स्थानीय लोगों और सामाजिक कार्यकर्ताओं का कहना है कि नगर परिषद और जिला प्रशासन की उदासीनता के कारण हर साल अंतिम समय तक तैयारियां अधूरी ही रह जाती हैं।

हालांकि, प्रशासन इस बार भी दावा कर रहा है कि श्रावणी मेले की सारी तैयारियां समय पर पूरी कर ली जाएंगी। वहीं, नगर परिषद अध्यक्ष राजकुमार गुड्डू का कहना है कि जिस नाले की बात की जा रही है, उसके निर्माण के लिए अब तक कोई फंडिंग स्वीकृत नहीं हुई है। ऐसे में निर्माण कार्य शुरू करना संभव नहीं है।
अब देखने वाली बात यह होगी कि इस बार कांवरियों को क्या वाकई किसी बेहतर सुविधा का लाभ मिल पाएगा या फिर वे फिर से अव्यवस्थाओं के बीच ही अपनी श्रद्धा की डगर तय करेंगे।













