


नवगछिया पुलिस जिला के रंगरा थाना में तैनात थानाध्यक्ष आशुतोष कुमार को बड़ी लापरवाही के आरोप में निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई 22 जुलाई 2025 को एक दैनिक अखबार में प्रकाशित एक खबर “पुलिस ने कर दी चोरों की हेराफेरी” के आधार पर की गई, जिसमें बताया गया था कि नवगछिया पुलिस ने चोरी के दो आरोपितों को बदलकर अदालत भेज दिया।
खबर को संज्ञान में लेते हुए नवगछिया पुलिस अधीक्षक ने मामले की जांच पुलिस उपाधीक्षक (मुख्यालय) को सौंपी। जांच के क्रम में यह सामने आया कि थानाध्यक्ष द्वारा चोरी की घटना से जुड़ी कार्रवाई में गंभीर लापरवाही बरती गई थी और नियमों का उल्लंघन भी किया गया था।
जांच प्रतिवेदन के अनुसार, उक्त चोरी मामले में थानाध्यक्ष ने कुल चार अभियुक्तों को थाने लाया था, जिनमें से तीन अभियुक्त भाग गए। इनमें से एक को तो बाद में गिरफ्तार कर लिया गया, लेकिन दो अन्य अब तक फरार हैं। इस पूरी घटना की जानकारी थानाध्यक्ष द्वारा न तो अपने वरीय अधिकारियों को दी गई और न ही भागे हुए अभियुक्तों को पकड़ने के लिए कोई उचित कार्रवाई की गई।
पुलिस अधीक्षक नवगछिया द्वारा प्रस्तुत जांच रिपोर्ट के आधार पर थानाध्यक्ष आशुतोष कुमार पर मनमानी, अनुशासनहीनता, लापरवाही और सेवा नियमों के उल्लंघन का दोष सिद्ध पाया गया। इसके बाद उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर लाइन हाजिर कर दिया गया है।
पुलिस विभाग इस मामले की निगरानी कर रहा है और फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए प्रयास तेज कर दिए गए हैं। वहीं, थाने के अन्य कर्मियों की भूमिका की भी समीक्षा की जा रही है।













