


भागलपुर । पीरपैंती प्रखंड के श्रीमतपुर हुजूरनगर पंचायत के कालीप्रसाद बड़ी मड़प कालीमंदिर एवं पूर्व जिला परिषद सदस्य दिवंगत अम्बिका प्रसाद मंडल के प्रांगण में आयोजित सप्ताह ध्यान सत्संग शिविर का भव्य समापन बुधवार को विशाल भंडारे के साथ हुआ। स्वामी रामबिलास बाबा के निर्देशन में आयोजित इस आध्यात्मिक शिविर में दर्जनों संतों और सैकड़ों सत्संगियों ने पूरे सप्ताह उत्साहपूर्वक भाग लिया।
संतमत सत्संग समिति के अध्यक्ष संस्कृताचार्य डॉ. शिवनाथ बाबा ने बताया कि इस ध्यान सह ज्ञान यज्ञ में अंतरजिला से भी कई संत-महात्मा पधारे थे। सभी संतों ने प्रतिदिन पाँच घंटे ध्यान और आठ घंटे सत्संग में बिताए, जिससे वातावरण सातों दिन दिव्य एवं भक्तिमय बना रहा।
उन्होंने जानकारी दी कि प्रातःकालीन सत्संग में वेद, उपनिषद्, गीता, पुराण, संतवाणियाँ और सद्गुरु महर्षि मेंहीं परमहंसजी महाराज की अमर वाणी का पाठ एवं प्रवचन होता था। अपराह्नकालीन सत्संग में श्रीरामचरितमानस का पाठ और प्रवचन आयोजित किए जाते थे, जबकि रात्रिकालीन सत्संग में संतवाणी का पाठ एवं प्रवचन प्रतिदिन होता था।
प्रवचनों में मानस जप, मानस-विंदु-नाद ध्यान, गुरु महिमा, ईश्वर का स्वरूप, मनुष्य शरीर की उपादेयता, कर्मरहस्य और ईश्वर भक्ति जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर व्यापक चर्चा की गई। संतों में प्रमुख रूप से स्वामी अमोलानंद, स्वामी चिदानंद, सुदर्शन ब्रह्मचारी, स्वामी बालेश्वरानंद, ब्रह्मचारी संतजी, साध्वी शीला दीदी, साध्वी पूनम बाई, स्वामी सुरेंद्र बाबा और स्वामी महेश बाबा शामिल थे।
कार्यक्रम के अंतिम दिन आयोजित विशाल भंडारे में सभी श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया और संतों के आशीर्वचन सुने। पूरे सप्ताह चले इस आध्यात्मिक आयोजन के सफल समापन पर क्षेत्र में हर्ष और श्रद्धा का वातावरण देखा गया।












