


भागलपुर। तिलका मांझी भागलपुर विश्वविद्यालय बीते दो दिनों से छात्र संगठनों के बीच विवाद का मुख्य केंद्र बना हुआ है। एक ओर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के छात्र हैं तो दूसरी ओर छात्र राजद। दोनों गुटों के बीच लगातार हो रहे टकराव ने विश्वविद्यालय परिसर को संघर्ष का मैदान बना दिया है।
जानकारी के अनुसार, पिछले दो दिनों से छात्र संगठनों के बीच झड़पें हो रही हैं। हालात इतने बिगड़े कि छात्रों के बीच हाथापाई और लाठी-डंडों का इस्तेमाल तक हुआ। इस दौरान विश्वविद्यालय की संपत्ति को भी काफी क्षति पहुंचाई गई। प्रशासन के मुताबिक, परीक्षा भवन समेत कई हिस्सों को नुकसान हुआ है और अब तक लगभग 10 लाख रुपये की क्षति का अनुमान लगाया गया है।
तनावपूर्ण माहौल के बीच पुलिस ने कार्रवाई करते हुए छात्र राजद के अध्यक्ष को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं, विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार ने प्रेस वार्ता कर दोनों छात्र संगठनों से शांति बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह शिक्षा का मंदिर है और यहां इस तरह का उपद्रव बिल्कुल स्वीकार्य नहीं है। संगठनों की भिड़ंत से विश्वविद्यालय की गरिमा को ठेस पहुंच रही है।
रजिस्ट्रार ने बताया कि इस मामले को लेकर ऑनलाइन सिंडीकेट मीटिंग बुलाई गई है और स्थिति को सामान्य बनाने की दिशा में प्रयास जारी हैं। प्रेस वार्ता के दौरान छात्र संगठनों को शांत कराने की पहल भी की गई।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने भागलपुर के बुद्धिजीवियों से अपील की है कि वे छात्र संगठनों को सही दिशा देने में सहयोग करें, ताकि विश्वविद्यालय राजनीति और उपद्रव का अखाड़ा न बने। साथ ही प्रशासन ने कहा कि विवाद की जड़ का पता लगाया जा रहा है और जल्द ही समाधान निकाला जाएगा। छात्रों को यह भी आश्वस्त किया गया है कि उनकी पढ़ाई और परीक्षाएं प्रभावित नहीं होंगी।












