



नवगछिया। शुक्रवार को नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल में 14 घंटे के भीतर सर्पदंश के चार अलग-अलग मामले पहुंचे। गनीमत रही कि सभी पीड़ितों का समय रहते इलाज कर उन्हें खतरे से बाहर लाया गया। अस्पताल की तत्परता से सभी चारों मामलों में जान बचाई जा सकी। चारों घटनाएं अलग-अलग स्थानों की थीं, लेकिन सभी को नवगछिया अस्पताल लाया गया और सफलतापूर्वक इलाज किया गया।
केला खेत में काम कर रहे गुधो यादव को सांप ने डंसा
परबत्ता थाना क्षेत्र के यमुनिया गांव निवासी गुधो यादव (उम्र 35 वर्ष), पिता – सूधो यादव, शुक्रवार दोपहर केला के खेत में काम कर रहे थे तभी अचानक एक विषैले सांप ने डंस लिया। परिजनों ने गंभीर हालत में उन्हें नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने तत्परता से इलाज कर उनकी जान बचा ली। स्थिति सामान्य होने के बाद उन्हें घर भेज दिया गया।
घर में काम के दौरान पूजा देवी को सर्पदंश

नवगछिया पुलिस जिला के रंगरा थाना क्षेत्र के जोनिया निवासी पूजा देवी, पति – जितेंद्र मंडल, शुक्रवार को घर में घरेलू कार्य कर रही थीं तभी अचानक उन्हें सांप ने डंस लिया। उन्हें भी तत्काल नवगछिया अस्पताल लाया गया। चिकित्सकों द्वारा इलाज के बाद उनकी स्थिति में सुधार हुआ और फिलहाल वह खतरे से बाहर हैं।
बनिया गांव के सुरेंद्र प्रसाद सिंह को सांप ने डंसा
रंगरा चौक थाना क्षेत्र के बनिया गांव निवासी सुरेंद्र प्रसाद सिंह, पिता – स्व. इंद्रदेव प्रसाद सिंह, को शुक्रवार की सुबह सांप ने काट लिया। तत्काल नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल में भर्ती कर इलाज किया गया। समय पर उपचार मिलने से उनकी हालत स्थिर हो गई।
खाना बनाते समय किशोरी तम्मन्ना खातून को सांप ने डंसा
जहांगीरपुर बैसी, रंगरा की रहने वाली किशोरी तम्मन्ना खातून, पिता – खलील बैठा, शुक्रवार को घर में खाना बना रही थी, तभी उसे सांप ने डंस लिया। किशोरी मूक-बधिर है, लेकिन उसने संकेतों के माध्यम से अपनी पीड़ा जताई। परिजनों ने तत्परता दिखाते हुए उसे नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी स्थिति स्थिर बताई गई है।
सावधानी जरूरी:
अस्पताल प्रबंधन की ओर से नागरिकों से अपील की गई है कि बरसात के मौसम में सांप निकलने की घटनाएं आम हैं, अतः खेतों और घरों में विशेष सतर्कता बरती जाए। किसी भी सर्पदंश की स्थिति में तत्काल अस्पताल पहुंचें, जिससे समय रहते जान बचाई जा सके।













