



भागलपुर। बिहार ग्रामीण बैंक एम्प्लॉयज और ऑफिसर्स फेडरेशन तथा एम्प्लॉयज एसोसिएशन अरबिया भागलपुर के बैनर तले बुधवार को एक दिवसीय राष्ट्रव्यापी हड़ताल का आयोजन किया गया। इस हड़ताल के माध्यम से बैंक कर्मचारियों ने कई अहम मुद्दों को लेकर विरोध दर्ज कराया।
हड़ताल का नेतृत्व कर रहे सेवानिवृत्त संरक्षक अनुज कुमार ने कहा कि ग्रामीण बैंकों में आईपीओ लाने का प्रस्ताव दरअसल निजीकरण की ओर पहला कदम है, जिसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने इसे ग्रामीण बैंक की आत्मनिर्भरता और सामाजिक उद्देश्य के खिलाफ बताया।

ऑफिसर्स फेडरेशन के क्षेत्रीय सचिव कुणाल कुमार ने नई पेंशन योजना (एनपीएस) को समाप्त कर पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) लागू करने की मांग प्रमुखता से उठाई। उन्होंने कहा कि एनपीएस कर्मचारियों के भविष्य के साथ अन्याय है।
एंप्लॉयज फेडरेशन के पूर्व अध्यक्ष आकाश आनंद ने दैनिक वेतनभोगियों को नियमित करने और ग्रामीण बैंकों में पर्याप्त संख्या में नियुक्तियां सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि स्टाफ की कमी से ग्राहकों की सेवा प्रभावित हो रही है।

सहायक महासचिव पंकज कुमार ने बैंकों में आउटसोर्सिंग की व्यवस्था को बंद कराने की मांग की। उन्होंने इसे कर्मचारियों के अधिकारों और बैंकिंग की गुणवत्ता के खिलाफ बताया।
मीडिया प्रभारी राकेश कुमार ने कहा कि अगर सरकार ने श्रम विरोधी नीतियों में सुधार नहीं किया तो आने वाले समय में यह आंदोलन और अधिक व्यापक रूप लेगा। हड़ताल के माध्यम से कर्मचारियों ने अपनी एकता और मांगों के प्रति संकल्प को स्पष्ट किया।













