



भागलपुर : रविवार को भागलपुर में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान कांग्रेस नेता प्रवीण सिंह कुशवाहा ने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार और बिहार की नीतीश कुमार सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि भ्रष्टाचार पर कार्रवाई के नाम पर सरकार महज दिखावा कर रही है, जबकि ज़मीनी हकीकत इसके उलट है।
प्रवीण कुशवाहा ने कहा कि बिहार सरकार द्वारा आपराधिक गतिविधियों या भ्रष्टाचार से अर्जित संपत्ति को ज़ब्त करने की प्रक्रिया सिर्फ एक प्रचार का माध्यम बन कर रह गई है। उन्होंने तीखा सवाल उठाते हुए कहा कि जब मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के करीबी मंत्री के अधीन कार्यरत तीन इंजीनियरों के पास से करोड़ों रुपये की अवैध संपत्ति बरामद हुई, तब सरकार ने क्या ठोस कदम उठाया?

कांग्रेस नेता ने नीतीश कुमार के उस दावे को भी खारिज किया, जिसमें मुख्यमंत्री ने कहा था कि बिहार से भ्रष्टाचार समाप्त हो चुका है। कुशवाहा ने कहा कि “आज भी आम आदमी को किसी भी सरकारी काम के लिए रिश्वत देनी पड़ती है। सरकार की व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है और जनता को रोज़मर्रा की समस्याओं से जूझना पड़ रहा है।”
उन्होंने आगे कहा कि न सिर्फ राज्य बल्कि केंद्र की सरकार भी जनता के असली मुद्दों से ध्यान भटकाने का प्रयास कर रही है। महंगाई, बेरोज़गारी, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर कोई ठोस पहल नहीं की जा रही है। इसके बजाय जनता को भ्रमित करने के लिए तरह-तरह के राजनीतिक हथकंडे अपनाए जा रहे हैं।

प्रेस वार्ता के अंत में प्रवीण कुशवाहा ने कहा कि कांग्रेस पार्टी जनहित के मुद्दों पर लड़ाई जारी रखेगी और जनता की आवाज़ को दबाने की किसी भी कोशिश का विरोध करेगी।
















