



मतदाता जागरूकता अभियान चलाकर जीविका दीदियों ने घर-घर अलख जगाया
भागलपुर। बिहार विधानसभा आम निर्वाचन 2025 के अंतर्गत स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण मतदान संपन्न कराने के साथ-साथ मतदान प्रतिशत बढ़ाने के उद्देश्य से जिले के सभी प्रखंडों में जीविका दीदियों द्वारा व्यापक मतदाता जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत जीविका दीदियां घर-घर जाकर लोगों को मतदान के महत्व से अवगत करा रही हैं, ताकि मतदाता अपने अधिकार का प्रयोग करने के लिए प्रेरित हों।
बिहपुर, गोपालपुर, कहलगांव, सन्हौला, शाहकुंड, पीरपैंती, रंगरा चौक, सबौर, जगदीशपुर और सुल्तानगंज सहित जिले के सभी प्रखंडों में जीविका दीदियों ने रैली, रंगोली, मेहंदी, कैंडल मार्च और संगोष्ठियों के माध्यम से मतदान का संदेश फैलाया। रैलियों के दौरान ‘वोट डालने जाना है, अपना फर्ज निभाना है’ और ‘11 नवंबर को पहले मतदान, फिर जलपान’ जैसे जोशीले नारों से पूरा इलाका गूंज उठा।

जीविका दीदियों ने घर-घर जाकर मतदाताओं को मतदान की तिथि, मतदान केंद्र और वहां मिलने वाली सुविधाओं की जानकारी दी। उन्होंने लोगों से कहा कि चुनाव पांच वर्ष में एक बार आता है, इसलिए अपनी पसंद का योग्य जनप्रतिनिधि चुनने का यह अवसर न चूकें। सही सोच और सही निर्णय ही राज्य के भविष्य की दिशा तय करेगा, इसलिए हर नागरिक को वोट डालकर अपना फर्ज निभाना चाहिए।

इस अवसर पर जीविका दीदियों ने 11 नवंबर को मतदान करने की शपथ ली और अपने परिवार तथा समाज के अन्य योग्य मतदाताओं को भी मतदान के लिए प्रेरित करने का संकल्प लिया। रंगोली बनाते हुए उन्होंने कहा कि जैसे रंगोली में सभी रंगों का मेल होता है, वैसे ही लोकतंत्र में सभी जाति, धर्म, लिंग और वर्ग के लोगों की समान भागीदारी से ही देश मजबूत बनता है।
जिले में जीविका द्वारा गठित 49 सीएलएफ स्तरों पर संगोष्ठियों का आयोजन कर मतदान के महत्व पर चर्चा की जा रही है। जीविका दीदियों ने कहा कि लोकतंत्र को सशक्त बनाने के लिए हर नागरिक का मतदान प्रक्रिया में भाग लेना आवश्यक है। उन्होंने सभी मतदाताओं से अपील की कि वे अपने मताधिकार का प्रयोग कर देश की लोकतांत्रिक परंपरा को मजबूत बनाएं।
भागलपुर जिले के 1970 ग्राम संगठन स्तरों पर नियमित रूप से मतदाता जागरूकता अभियान जारी है, जिसमें बड़ी संख्या में जीविका दीदियां सक्रिय रूप से भाग ले रही हैं। वे विभिन्न रचनात्मक कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों तक संदेश पहुंचा रही हैं कि लोकतंत्र का पर्व मतदान है और हर मतदाता का एक वोट बदलाव की दिशा तय करता है।
















