



नवगछिया। बाल भारती, पोस्ट ऑफिस रोड में सोमवार को मोक्षदा एकादशी के अवसर पर गीता दिवस बड़े ही श्रद्धा, उत्साह और भव्यता के साथ मनाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन से हुई, जिसमें विद्यालय के प्राचार्य कौशल किशोर जायसवाल, विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्य रवि प्रकाश पंकज टिबड़ेवाल, पारस खेमका तथा शिक्षक सुनील कुमार पाठक शामिल थे।

कार्यक्रम का संचालन के सी मिश्रा और राजकमल झा ने संयुक्त रूप से किया। प्रारंभ में के सी मिश्रा ने गणेश वंदना प्रस्तुत कर वातावरण को भक्तिमय बना दिया। इसके बाद कक्षा नौवीं की छात्रा काव्या कुमारी ने “एक राधा, एक मीरा” गीत प्रस्तुत कर सभी का मन मोह लिया।
गीता दिवस के उपलक्ष्य में विद्यार्थियों ने महाभारत के प्रसंग पर आधारित एक नाटक का मंचन किया, जिसका निर्देशन के सी मिश्रा द्वारा किया गया। नाटक में गीता के उपदेशों और धर्म-कर्तव्य के संदेश को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया गया।

विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्य रवि प्रकाश ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि हमें गीता के उपदेशों को जीवन में अपनाना चाहिए। गीता जीवन को सही दिशा प्रदान करती है और कठिन परिस्थितियों में भी धैर्य बनाए रखने की प्रेरणा देती है।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने गीता के महत्व पर आधारित गीत, संगीत और प्रेरणादायक संदेश भी प्रस्तुत किए। समापन संबोधन में प्राचार्य कौशल किशोर जायसवाल ने कहा कि हमें अपने कर्म पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए, फल की चिंता नहीं करनी चाहिए। लोभ, मोह, द्वेष और क्रोध से ऊपर उठकर लक्ष्य पर दृढ़ रहना ही गीता का सार है। उन्होंने कहा कि गीता केवल धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि संपूर्ण जीवन दर्शन है।
इस अवसर पर विद्यालय के सभी छात्र-छात्राएँ, शिक्षक एवं शिक्षिकाएँ उपस्थित थे, और पूरे कार्यक्रम का वातावरण आध्यात्मिकता एवं सांस्कृतिक गरिमा से भरा रहा।















