


भागलपुर। विकसित भारत–रोज़गार एवं आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण) के अंतर्गत सक्रिय जॉब कार्डधारियों के ई-के-वाई-सी (e-KYC) सत्यापन कार्य की जिला स्तरीय समीक्षा में गंभीर लापरवाही उजागर हुई है। समीक्षा में पाया गया कि कई पंचायत रोजगार सेवकों ने इस महत्वपूर्ण कार्य को अपेक्षित गंभीरता और जिम्मेदारी के साथ नहीं किया, जिससे ई-के-वाई-सी सत्यापन की प्रगति असंतोषजनक रही।
मामले की गंभीरता को देखते हुए उप विकास आयुक्त, भागलपुर प्रदीप कुमार सिंह ने अनुशासनिक कार्रवाई का आदेश दिया। खराब प्रदर्शन के लिए कुल 27 पंचायत रोजगार सेवकों के मूल मानदेय में 6 माह के लिए 15 प्रतिशत से 25 प्रतिशत तक की कटौती करने का निर्णय लिया गया है।
साथ ही सभी संबंधित कर्मियों को कड़ी चेतावनी दी गई है कि भविष्य में यदि विकसित भारत–रोज़गार एवं आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण) या अन्य सौंपे गए दायित्वों के निर्वहन में किसी भी प्रकार की लापरवाही, उदासीनता या शिथिलता पाई जाती है, तो उनके खिलाफ और भी कठोर कार्रवाई की जाएगी, जिसमें अनुबंध समाप्त करने जैसी कार्रवाई भी शामिल हो सकती है।












