


नवटोलिया गांव में हुई दर्दनाक घटना, अनुमंडल अस्पताल में चिकित्सकों ने किया मृत घोषित; ग्रामीणों ने मुआवजे की मांग उठाई
नवगछिया के गोपालपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत डुमरिया चपरघट पंचायत के नवटोलिया गांव में शुक्रवार को एक दर्दनाक हादसे में सर्पदंश से एक वृद्ध महिला की मौत हो गई। खेत में काम करने गई महिला को विषैले सांप ने डस लिया, जिसके बाद परिजनों और ग्रामीणों द्वारा इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, लेकिन चिकित्सक उन्हें बचा नहीं सके। घटना के बाद गांव में शोक की लहर दौड़ गई है तथा मृतका के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
मृतका की पहचान नवटोलिया गांव निवासी सहदेव सिंह की पत्नी सकुनिया देवी (70 वर्ष) के रूप में हुई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार सकुनिया देवी शुक्रवार को अपने खेत में लगी मूंग की फसल की देखरेख और कृषि कार्य के लिए गई थीं। इसी दौरान खेत में छिपे एक विषैले सांप ने उन्हें डस लिया। सर्पदंश के बाद उनकी तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। खेत में मौजूद लोगों ने घटना की जानकारी परिजनों और ग्रामीणों को दी।
ग्रामीणों की मदद से उन्हें तत्काल प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराने का प्रयास किया गया। हालत गंभीर होने पर परिजन उन्हें इलाज के लिए अनुमंडल अस्पताल नवगछिया लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। वृद्ध महिला की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया।
घटना की सूचना पर गोपालपुर थाना पुलिस अस्पताल पहुंची और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। गोपालपुर थानाध्यक्ष सह इंस्पेक्टर मिथिलेश कुमार ने बताया कि सर्पदंश से मौत का मामला सामने आया है। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा।
बताया जाता है कि मृतका के परिवार की आर्थिक स्थिति सामान्य नहीं है और परिवार मुख्य रूप से खेती-किसानी पर निर्भर है। मृतका की दो पुत्रियां विभि देवी और शोभा देवी हैं। मां की अचानक हुई मौत से दोनों बेटियां गहरे सदमे में हैं। परिवार के अन्य सदस्य भी शोकाकुल हैं।
घटना के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण मृतका के घर पहुंचे और परिजनों को सांत्वना दी। ग्रामीणों का कहना है कि सकुनिया देवी मेहनती और मिलनसार स्वभाव की महिला थीं। उनकी मृत्यु से पूरे गांव में शोक का माहौल है।
ग्रामीण सुनील कुमार सिंह सहित कई लोगों ने जिला प्रशासन से मृतका के आश्रित परिवार को आपदा राहत मद के तहत आर्थिक सहायता एवं उचित मुआवजा उपलब्ध कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवार को तत्काल सरकारी सहायता मिलनी चाहिए, ताकि इस कठिन समय में उन्हें कुछ राहत मिल सके।
















