


नवगछिया। नवगछिया पुलिस जिला अंतर्गत रंगरा थाना क्षेत्र में एक ट्रक चालक से कथित रूप से डरा-धमकाकर रुपये वसूलने के आरोप में रंगरा थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई है। मामले की जांच के बाद एक प्रशिक्षु दरोगा को निलंबित कर दिया गया है, जबकि ड्यूटी पर तैनात तीन गृहरक्षकों के विरुद्ध भी निलंबन की अनुशंसा की गई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ निवासी ट्रक चालक सुरेंद्र यादव ने आरोप लगाया है कि 14 जून की रात वह कटिहार से ट्रक लेकर उत्तर प्रदेश लौट रहा था। इसी दौरान रंगरा थाना क्षेत्र में गश्ती पुलिसकर्मियों ने उसका वाहन रोक लिया। चालक का आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने पहले उस पर एक बाइक सवार को धक्का मारने का आरोप लगाया। इसके बाद कथित रूप से एक युवती को उसके सामने लाकर तस्वीरें खिंचवाई गईं।
चालक ने आरोप लगाया कि उसे डराया-धमकाया गया तथा आपत्तिजनक तस्वीर और वीडियो वायरल करने की धमकी देकर मोटी रकम की मांग की गई। उसके अनुसार शुरुआत में एक लाख रुपये मांगे गए, लेकिन खाते में पर्याप्त राशि नहीं होने के कारण अंततः करीब 18 हजार रुपये की व्यवस्था कर भुगतान करने का दबाव बनाया गया। चालक का दावा है कि भुगतान से संबंधित साक्ष्य उसके पास मौजूद हैं।
सुरेंद्र यादव के अनुसार रुपये देने के बाद भी उसे लगातार धमकियां मिलती रहीं। बाद में उसने पूरे मामले की जानकारी अपने ट्रक मालिक कृष्ण मोहन यादव को दी। इसके बाद डायल-112 पर शिकायत दर्ज कराई गई तथा नवगछिया पुलिस अधीक्षक सहित वरीय अधिकारियों को भी मामले से अवगत कराया गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए नवगछिया पुलिस अधीक्षक वैभव शर्मा ने नवगछिया सर्किल इंस्पेक्टर श्याम नंदन यादव को जांच की जिम्मेदारी सौंपी। जांच के दौरान शिकायत, उपलब्ध साक्ष्यों और अन्य तथ्यों की विस्तृत पड़ताल की गई। जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद पुलिस अधीक्षक ने प्रशिक्षु दरोगा धर्मेंद्र कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। वहीं ड्यूटी पर तैनात गृहरक्षक अंजनी कुमार चौधरी, मिथुन कुमार और रंजीत कुमार के विरुद्ध भी निलंबन की अनुशंसा करते हुए संबंधित विभाग को पत्र भेजा गया है।
इस संबंध में नवगछिया के पुलिस अधीक्षक वैभव शर्मा ने बताया कि पीड़ित चालक के आने में विलंब होने के कारण रंगरा थाना में पुलिस पदाधिकारी के बयान पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। प्राथमिकी में डरा-धमकाकर रुपये वसूलने का आरोप दर्ज किया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कथित हनी ट्रैप से संबंधित आरोप जांच में सत्यापित नहीं पाए गए हैं।
एसपी ने कहा कि मामले में दोषी पाए जाने वाले पुलिस पदाधिकारी एवं अन्य संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है तथा दोषियों की गिरफ्तारी भी सुनिश्चित की जाएगी।
मामला सामने आने के बाद पुलिस महकमे में भी हलचल है। वरिष्ठ अधिकारी पूरे प्रकरण की निगरानी कर रहे हैं और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
















