


पूर्णिया । किलकारी बिहार बाल भवन, पूर्णिया में प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी 30 मई से 21 जून 2026 तक समर कैंप का आयोजन किया जा रहा है। समर कैंप के अंतर्गत बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए विभिन्न शैक्षणिक, सांस्कृतिक एवं रचनात्मक गतिविधियों का आयोजन किया जा रहा है।
इसी क्रम में शास्त्रीय संगीत विधा के अंतर्गत 1 जून से 4 जून तक चार दिवसीय विशेष कार्यशाला आयोजित की गई। इस कार्यशाला में बच्चों को संगीत की मूलभूत अवधारणाओं से अवगत कराया गया। कार्यशाला के दौरान लय क्या है, संगीत में लय का महत्व, मात्रा की समझ, एक मात्रा में विभिन्न स्वरों एवं बोलों का संयोजन तथा स्वरबद्ध प्रस्तुति जैसी महत्वपूर्ण विषय-वस्तुओं पर प्रशिक्षण दिया गया।
कार्यशाला में मुख्य विशेषज्ञ के रूप में प्रख्यात संगीतज्ञ श्री अमर नाथ झा ने बच्चों को प्रशिक्षण दिया। वहीं सहायक प्रशिक्षक के रूप में श्री मुकेश झा एवं सुश्री सोनी कुमारी ने महत्वपूर्ण योगदान दिया।
इसके बाद 5 जून से 11 जून तक भजन कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला में विशेषज्ञ के रूप में सुश्री सोनी कुमारी, श्री अमर नाथ झा एवं श्री पंकज मल्लिक ने बच्चों को विभिन्न भजनों एवं पारंपरिक गीतों का प्रशिक्षण दिया। सुश्री सोनी कुमारी ने बच्चों को नचारी, विद्यापति गीत तथा विभिन्न भजनों का अभ्यास कराया, जबकि श्री अमर नाथ झा ने भी बच्चों को भजन गायन की विशेष विधियां सिखाईं।
दोनों कार्यशालाओं में कुल 81 बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। बच्चों ने पूरे मनोयोग, अनुशासन एवं लगन के साथ संगीत और भजन की बारीकियों को सीखा। प्रशिक्षण के दौरान बच्चों की प्रतिभा और सीखने की उत्सुकता देखने योग्य रही।
किलकारी बिहार बाल भवन के अधिकारियों ने बताया कि इस प्रकार की कार्यशालाओं का उद्देश्य बच्चों में कला, संस्कृति एवं भारतीय संगीत के प्रति रुचि विकसित करना है। बच्चों की सक्रिय भागीदारी और सकारात्मक प्रतिक्रिया को देखते हुए दोनों कार्यशालाओं को अत्यंत सफल माना जा रहा है।
समर कैंप के अंतर्गत आगामी दिनों में भी विभिन्न सांस्कृतिक, शैक्षणिक एवं रचनात्मक गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा, जिससे बच्चों को अपनी प्रतिभा निखारने का अवसर मिल सके।
















