


भागलपुर । बिहपुर प्रखंड के मध्य विद्यालय पछियारी टोला औलियाबाद में बुधवार को चेतना सत्र के दौरान अगस्त क्रांति के महानायक अमर शहीद जुब्बा सहनी की 82वीं पुण्य तिथि श्रद्धापूर्वक मनाई गई। इस अवसर पर शिक्षकों और छात्र-छात्राओं ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया तथा उनके बलिदान को याद किया।
क्रांतिकारी जुब्बा सहनी का जन्म वर्ष 1906 में बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के चैनपुर गांव में हुआ था। उनके पिता पांचू सहनी एक गरीब मछुआरे थे। गन्ना मिल के एक निरीक्षक द्वारा की जा रही ज्यादती का उन्होंने जोरदार विरोध किया, जिसके कारण उन्हें अंग्रेजी शासन के दमन का सामना करना पड़ा।
अपने चचेरे भाई बांगुर सहनी के साथ वे राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के आह्वान पर चल रहे राष्ट्रीय अगस्त क्रांति आंदोलन में कूद पड़े। 16 अगस्त 1942 को उन्होंने अंग्रेजों द्वारा खोली गई शराब की दुकानों के विरोध, स्वदेशी के समर्थन तथा दमन, शोषण और अत्याचार के खिलाफ सैकड़ों क्रांतिकारियों के साथ मीनापुर थाना का घेराव किया। इस दौरान सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाया गया और अंग्रेज थाना प्रभारी लियो वॉलर को जिंदा आग के हवाले कर दिया गया।
इस घटना के बाद 188 क्रांतिकारी मछुआरों पर मुकदमा चलाया गया, जिनमें से 56 लोगों को दोषी ठहराया गया। बाद में जुब्बा सहनी को 11 मार्च 1944 को भागलपुर केंद्रीय कारागार में फांसी दे दी गई। वर्ष 2009 में इस कारागार का नामकरण उनके नाम पर किया गया।
कार्यक्रम में बाल संसद की उप प्रधानमंत्री रितुराज कुमारी ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि अमर शहीद जुब्बा सहनी ने स्वयं को समर्पित कर सभी आरोप अपने ऊपर ले लिए, जिससे उनके साथियों की जान बच गई। उन्होंने हंसते-हंसते फांसी के फंदे को चूमकर मातृभूमि के प्रति अपना कर्तव्य निभाया।
बाल संसद के प्रधानमंत्री आर्यन कुमार गगन ने कहा कि जुब्बा सहनी के सम्मान में भारत सरकार द्वारा डाक टिकट जारी किया गया है तथा मुजफ्फरपुर और पटना में उनके नाम पर पार्क भी बनाए गए हैं।
विद्यालय के प्रधानाध्यापक अनिल कुमार दीपक ने अपने संबोधन में जुब्बा सहनी को राष्ट्रीय आंदोलनों का सच्चा प्रेरणास्रोत बताया और छात्रों से उनके आदर्शों को अपनाने की अपील की।
इस अवसर पर मोहम्मद शमीम उद्दीन, संतोष कुमार रजक, रविशंकर झा, रजनीकांत रंजन, मोहम्मद तबरेज आलम सहित बाल संसद की उप शिक्षा मंत्री आर्निका कुमारी, जल एवं बागवानी मंत्री कुसुम कुमारी, उप संस्कृति एवं खेल मंत्री अलका कुमारी, बाल सुरक्षा मंत्री कृतिका कुमारी, युवराज, भारती, माही, लक्ष्मी समेत कई छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।















