


भागलपुर। आगामी राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट-यूजी)-2026 के शांतिपूर्ण, निष्पक्ष एवं कदाचारमुक्त संचालन को लेकर जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी की अध्यक्षता में समीक्षा भवन, भागलपुर में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में परीक्षा की तैयारियों, सुरक्षा व्यवस्था, विधि-व्यवस्था संधारण तथा अभ्यर्थियों के लिए उपलब्ध कराई जाने वाली सुविधाओं की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक में बताया गया कि 22 जून 2026 को जिले के 15 परीक्षा केंद्रों पर एकल पाली में अपराह्न 2 बजे से शाम 5:15 बजे तक परीक्षा आयोजित होगी। बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों की भागीदारी को देखते हुए जिला प्रशासन द्वारा व्यापक तैयारियां की गई हैं।
जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों को राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) के दिशा-निर्देशों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि परीक्षा की गोपनीयता, पारदर्शिता एवं निष्पक्षता बनाए रखने के लिए सभी परीक्षा केंद्रों पर स्टैटिक दंडाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी तथा पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की प्रतिनियुक्ति की गई है। वहीं विभिन्न केंद्रों की निगरानी के लिए जोनल दंडाधिकारी एवं जोनल पुलिस पदाधिकारियों को भी जिम्मेदारी सौंपी गई है।
उन्होंने निर्देश दिया कि परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों की सघन जांच की जाए तथा किसी भी प्रकार की प्रतिबंधित सामग्री के प्रवेश पर पूर्ण रोक सुनिश्चित की जाए। साथ ही परीक्षा प्रारंभ होने से पूर्व केंद्रों का भौतिक सत्यापन, सीसीटीवी कैमरों की कार्यशीलता, विद्युत आपूर्ति, पेयजल, शौचालय, बैठने की व्यवस्था एवं अन्य आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा।
जिलाधिकारी ने कहा कि परीक्षा अवधि के दौरान सभी प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार भ्रमणशील रहेंगे तथा किसी भी सूचना पर त्वरित कार्रवाई करेंगे। उन्होंने सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से अफवाह एवं भ्रामक जानकारी फैलाने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई का निर्देश भी दिया।
वरीय पुलिस अधीक्षक प्रमोद कुमार यादव ने बताया कि सभी परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहेगा। केंद्रों के आसपास अनावश्यक भीड़भाड़ रोकने, यातायात व्यवस्था सुचारू रखने तथा संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखने की व्यवस्था की गई है।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि अभ्यर्थियों की प्रवेश प्रक्रिया निर्धारित समय से पहले शुरू कर दी जाएगी, ताकि किसी प्रकार की अव्यवस्था उत्पन्न न हो। परीक्षा समाप्ति के बाद प्रश्नपत्र एवं अन्य गोपनीय सामग्रियों के सुरक्षित संधारण एवं निर्धारित प्रक्रिया के तहत प्रेषण की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाएगी।
जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को समन्वय एवं सतर्कता के साथ कार्य करने का निर्देश देते हुए कहा कि जिला प्रशासन का उद्देश्य परीक्षा को पूर्णतः निष्पक्ष, पारदर्शी एवं कदाचारमुक्त वातावरण में संपन्न कराना है।
बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक प्रमोद कुमार यादव, उप विकास आयुक्त प्रदीप कुमार सिंह, अपर समाहर्ता (राजस्व) दिनेश राम, अपर समाहर्ता (विधि-व्यवस्था) राकेश रंजन, अनुमंडल पदाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी, शिक्षा विभाग के अधिकारी एवं अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।
















