


पूर्णिया।
पूर्णिया जिले के रूपौली प्रखंड अंतर्गत डोभा पंचायत भवन में आयोजित पंचायत सहयोग शिविर का मंगलवार को जिला पदाधिकारी अंशुल कुमार एवं वरीय पुलिस अधीक्षक डॉ. शौर्य सुमन ने निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का जायजा लिया तथा प्राप्त आवेदनों की समीक्षा कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
कार्यक्रम का शुभारंभ जिला पदाधिकारी अंशुल कुमार, वरीय पुलिस अधीक्षक डॉ. शौर्य सुमन, प्रशिक्षु आईएएस कुमुद मिश्रा, सहायक आपदा प्रबंधन अधिकारी प्रणव कुमार, मुखिया पवनी देवी, डीसीएलआर मोहित आनंद, बीडीओ अरविंद कुमार, सीओ शिवानी सुरभि एवं आरओ अमित कुमार अमन ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया।

जिलाधिकारी ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि सहयोग शिविर सरकार की महत्वाकांक्षी पहल है। उन्होंने बताया कि सहयोग पोर्टल पर प्राप्त आवेदनों के निष्पादन के लिए समय-सीमा निर्धारित की गई है। निर्धारित अवधि के भीतर संबंधित विभाग को कार्रवाई करनी होगी, अन्यथा जवाबदेही तय की जाएगी। उन्होंने लोगों से आवास, राशन कार्ड, जॉब कार्ड, भूमि विवाद एवं अन्य समस्याओं से संबंधित आवेदन सहयोग पोर्टल पर दर्ज कराने की अपील की।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सभी विभागीय काउंटरों का जायजा लिया। स्वास्थ्य विभाग के स्टॉल पर उन्होंने स्वास्थ्यकर्मियों को अधिक से अधिक लोगों को स्वास्थ्य जांच के लिए प्रेरित करने का निर्देश दिया। वहीं ग्राम कचहरी काउंटर पर कोई शिकायत दर्ज नहीं मिलने पर प्रशिक्षु आईएएस कुमुद मिश्रा ने संबंधित कर्मियों को जनजागरूकता बढ़ाने और शिविर का व्यापक प्रचार-प्रसार करने का निर्देश दिया।
शिविर के दौरान जिलाधिकारी ने एक लंबित भूमि विवाद से संबंधित आवेदन की स्वयं समीक्षा की। उन्होंने आवेदक रविंद्र मंडल के तीन वर्षों से लंबित नामांतरण मामले को गंभीरता से लेते हुए डीसीएलआर मोहित आनंद एवं अंचल अधिकारी को प्राथमिकता के आधार पर इसका शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
निरीक्षण के बाद जिला पदाधिकारी नवसृजित डिग्री कॉलेज के प्रस्तावित स्थल बिरौली मध्य विद्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने निर्माण संबंधी तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान टीकापट्टी डिग्री कॉलेज निर्माण संघर्ष समिति एवं बिरौली डिग्री कॉलेज निर्माण समिति के प्रतिनिधिमंडल ने भी अपनी-अपनी मांगों से संबंधित आवेदन सौंपे।
जिलाधिकारी ने टीकापट्टी के प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि उस क्षेत्र में भी शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कार्य कराने की दिशा में विचार किया जा रहा है। वहीं बिरौली के प्रतिनिधिमंडल ने डिग्री कॉलेज भवन निर्माण के लिए ठाकुरबाड़ी की चार एकड़ से अधिक भूमि उपलब्ध कराने का प्रस्ताव रखा, जिस पर आगे आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने की बात कही गई।
















