



भागलपुर ।
बिहार विधानसभा आम निर्वाचन 2025 के तहत स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मंगलवार को इंटर स्तरीय उच्च विद्यालय नवगछिया में 153-गोपालपुर विधानसभा क्षेत्र के सेक्टर पदाधिकारियों को जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी ने ब्रीफिंग दी।
इस दौरान जिलाधिकारी ने सभी सेक्टर पदाधिकारियों को उनके दायित्वों की जानकारी देते हुए कहा कि जिन मतदान केंद्रों की जिम्मेदारी आपको दी गई है, वहां की स्थिति पर लगातार पैनी नजर बनाए रखें। चुनाव से पहले ऐसे व्यक्तियों की पहचान करें जो मतदान प्रक्रिया में व्यवधान उत्पन्न कर सकते हैं, और उन पर समय रहते नियंत्रण सुनिश्चित करें।

डॉ. चौधरी ने निर्देश दिया कि प्रत्येक मतदान केंद्र पर आवश्यक बुनियादी सुविधाएं जैसे पानी, बिजली, शौचालय और रैंप की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि मतदान से पहले सभी तैयारियों की समीक्षा कर लें ताकि मतदान के दिन कोई कमी न रहे।
जिलाधिकारी ने बताया कि मतदान के दिन सभी सेक्टर पदाधिकारी सुबह 4 बजे से सक्रिय हो जाएंगे। वे अपने क्षेत्र के सभी पीठासीन पदाधिकारियों से संपर्क स्थापित करेंगे और 5:30 बजे से मॉक पोल प्रारंभ कराएंगे। मतदान सुबह 7 बजे से आरंभ होगा। उन्होंने कहा कि प्रत्येक दो घंटे के अंतराल पर पीआरओ एप में कुल मतदान की जानकारी अपलोड की जानी चाहिए। यदि किसी केंद्र पर मतदान की गति धीमी पाई जाती है, तो संबंधित सेक्टर पदाधिकारी वहां उपस्थित रहकर मतदान की गति बढ़ाने के लिए आवश्यक कदम उठाएंगे।
उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि शाम 6 बजे तक यदि किसी केंद्र पर मतदाताओं की लाइन लगी हो, तो वहां जाकर कतार में लगे मतदाताओं के बीच उल्टे क्रमांक वाली पर्ची बांटकर शीघ्र मतदान कराना सुनिश्चित करें। मतदान की समाप्ति के बाद पोल्ड ईवीएम को वज्रगृह और अनपोल्ड ईवीएम को वेयरहाउस तक सुरक्षित पहुंचाना भी सेक्टर पदाधिकारियों की जिम्मेदारी होगी।

डॉ. चौधरी ने स्पष्ट किया कि जब तक सभी ईवीएम का सुरक्षित संग्रहण नहीं हो जाता, तब तक सेक्टर पदाधिकारियों की जिम्मेदारी समाप्त नहीं होती।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक प्रेरणा कुमार, उप विकास आयुक्त प्रदीप कुमार सिंह, नगर आयुक्त शुभम कुमार और 153-गोपालपुर के निर्वाची पदाधिकारी सह अनुमंडल पदाधिकारी नवगछिया ऋतुराज प्रताप सिंह भी उपस्थित थे। सभी अधिकारियों ने संयुक्त रूप से सेक्टर पदाधिकारियों को उनके दायित्वों के प्रति सजग और सतर्क रहने का निर्देश दिया।















