


स्वदेशी ही आत्मनिर्भर भारत एवं विकसित राष्ट्र निर्माण का आधार : अरुण ओझा
भागलपुर। स्वदेशी जागरण मंच, दक्षिण बिहार प्रांत के तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय प्रांतीय विचार वर्ग का शुभारंभ शनिवार को डोकानिया स्मृति भवन, भागलपुर में वैदिक मंत्रोच्चार एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। कार्यक्रम में दक्षिण बिहार के विभिन्न जिलों से आए पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने भाग लिया।

कार्यक्रम का उद्घाटन स्वदेशी जागरण मंच के पूर्व राष्ट्रीय संयोजक अरुण ओझा, भागलपुर की महापौर डॉ. वसुंधरा लाल, चैंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष शरद शालारपुरिया, क्षेत्रीय संगठक अजय उपाध्याय, दक्षिण बिहार प्रांत के प्रांतीय संयोजक यदुनंदन प्रसाद, भाजपा के नवगछिया प्रभारी पवन कुमार मिश्रा तथा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह प्रांत कार्यवाह बालमुकुंद गुप्त ने भारत माता, पंडित दीनदयाल उपाध्याय एवं स्वदेशी जागरण मंच के संस्थापक श्रद्धेय दत्तोपंत ठेंगड़ी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर एवं दीप प्रज्ज्वलित कर किया।
कार्यक्रम की शुरुआत देवव्रत घोष द्वारा प्रस्तुत वंदे मातरम् के सामूहिक गायन से हुई। इसके बाद उपस्थित सभी प्रतिनिधियों ने भारत माता, पंडित दीनदयाल उपाध्याय एवं श्रद्धेय दत्तोपंत ठेंगड़ी के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की।
स्वागत भाषण देते हुए स्वदेशी जागरण मंच, भागलपुर के जिला संयोजक रंजीत राय ने सभी अतिथियों एवं प्रतिनिधियों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि भागलपुर की ऐतिहासिक धरती पर आयोजित यह प्रांतीय विचार वर्ग कार्यकर्ताओं के वैचारिक परिष्कार, संगठन विस्तार तथा स्वदेशी विचारों के व्यापक प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
मुख्य वक्ता अरुण ओझा ने कहा कि स्वदेशी केवल आर्थिक नीति नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक अस्मिता, राष्ट्रीय स्वाभिमान और आत्मनिर्भरता का मूल आधार है। उन्होंने कहा कि विकसित भारत के निर्माण के लिए स्वदेशी जीवनशैली को जन-जन तक पहुंचाना आवश्यक है तथा प्रत्येक नागरिक को स्वदेशी उत्पादों के उपयोग का संकल्प लेना चाहिए।
भागलपुर की महापौर डॉ. वसुंधरा लाल ने कहा कि स्थानीय उद्योगों, कुटीर उद्यमों और स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देकर ही आत्मनिर्भर भारत का सपना साकार किया जा सकता है। उन्होंने समाज के सभी वर्गों से स्वदेशी अभियान से जुड़ने का आह्वान किया।
चैंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष शरद शालारपुरिया ने कहा कि भारतीय व्यापार और उद्योग को सशक्त बनाने के लिए स्वदेशी सोच को व्यवहार में उतारना होगा। यदि व्यापारी और उपभोक्ता दोनों स्वदेशी उत्पादों को प्राथमिकता दें, तो देश की अर्थव्यवस्था और अधिक मजबूत होगी।
क्षेत्रीय संगठक अजय उपाध्याय ने कहा कि ऐसे प्रशिक्षण एवं विचार वर्ग कार्यकर्ताओं में वैचारिक स्पष्टता, संगठनात्मक दक्षता और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना विकसित करते हैं। वहीं प्रांतीय संयोजक यदुनंदन प्रसाद ने कहा कि स्वदेशी जागरण मंच का उद्देश्य केवल विचार देना नहीं, बल्कि समाज में सकारात्मक व्यवहार परिवर्तन लाना है।
भाजपा नवगछिया प्रभारी पवन कुमार मिश्रा ने कहा कि आत्मनिर्भर भारत का संकल्प तभी पूरा होगा, जब प्रत्येक नागरिक स्वदेशी वस्तुओं को अपनाने का संकल्प लेगा। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह प्रांत कार्यवाह बालमुकुंद गुप्त ने कहा कि राष्ट्र की शक्ति उसके संगठित समाज, सांस्कृतिक मूल्यों और स्वदेशी जीवनदृष्टि में निहित है।
कार्यक्रम के अंत में भागलपुर विभाग संयोजक निर्दोष कुमार ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए सभी अतिथियों, वक्ताओं एवं कार्यकर्ताओं के प्रति आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर स्वदेशी जागरण मंच के पूर्व प्रदेश संयोजक दिलीप निराला, राजेश टंडन, अभिनव, विपुल, राम, गिरीश, मनीष, विनोद सिन्हा, मनोरंजन, चंदन पांडेय, प्रतीक आनंद, डॉ. बिहारी लाल, इंडियन डेंटल एसोसिएशन (आईडीए) भागलपुर के सचिव डॉ. शुभंकर सिंह, नरेंद्र झा, शेखर घोष सहित दक्षिण बिहार के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
आयोजकों ने बताया कि दो दिवसीय विचार वर्ग में एकात्म मानव दर्शन, स्वदेशी चिंतन, विकास भी विरासत भी, वर्तमान वैश्विक आर्थिक एवं राजनीतिक परिदृश्य, आत्मनिर्भर भारत, स्वरोजगार, जैविक कृषि, पर्यावरण संरक्षण तथा संगठन विस्तार जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विभिन्न सत्र आयोजित किए जाएंगे।
इसकी जानकारी स्वदेशी जागरण मंच के मीडिया प्रभारी इंदुभूषण झा ने दी।















