



नवगछिया अनुमंडल के गोपालपुर विधानसभा क्षेत्र में बाढ़ और कटाव ने गंभीर संकट उत्पन्न कर दिया है। गंगा नदी के लगातार बढ़ते जलस्तर और तेज बहाव के कारण दर्जनों घर नदी में समा चुके हैं। प्रभावित परिवार अपने घरों से बेघर होकर अपना सामान समेटने में लगे हैं। इलाके में अफरा-तफरी का माहौल है और लोगों का जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।
रविवार को हालात का जायजा लेने के लिए गोपालपुर से जदयू विधायक गोपाल मंडल प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचे। निरीक्षण के दौरान स्थानीय लोगों ने उन्हें बताया कि कटाव तेजी से बढ़ रहा है और कई परिवारों के मकान बह चुके हैं। इस पर जब विधायक से यह पूछा गया कि ऐसी गंभीर स्थिति में जनप्रतिनिधियों की क्या भूमिका है, तो उन्होंने क्षेत्र के सांसद अजय मंडल पर परोक्ष रूप से निशाना साधा।

विधायक गोपाल मंडल ने कहा कि सांसद को केंद्र सरकार से बात कर कटाव की समस्या पर समाधान की दिशा में ठोस पहल करनी चाहिए थी, लेकिन वे संसद में कभी इस मुद्दे को गंभीरता से नहीं उठाते, केवल औपचारिकता निभाते हैं। अपने बयान में विधायक ने जदयू महिला प्रकोष्ठ की प्रदेश महासचिव अपर्णा कुमारी और सांसद के खिलाफ भी आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया, जिसकी क्षेत्र में आलोचना हो रही है।
विधायक गोपाल मंडल ने बताया कि बाढ़ और कटाव के कारण कई परिवारों को दो दिन से भोजन नसीब नहीं हुआ है। कटाव की आशंका के चलते लोग घर छोड़ने को मजबूर हैं और भोजन बनाने की भी स्थिति में नहीं हैं। उन्होंने कहा कि अंचलाधिकारी (सीओ) मौके पर पहुंच चुके हैं और जल्द ही प्रभावित परिवारों को प्लास्टिक शीट, चूड़ा और सुबह-शाम भोजन उपलब्ध कराया जाएगा।
स्थानीय निवासियों ने बताया कि राहत सामग्री अभी तक पर्याप्त मात्रा में नहीं पहुंची है, जिससे लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। खासकर बच्चों और बुजुर्गों की हालत चिंताजनक बनी हुई है। कई परिवार खुले आसमान के नीचे रातें बिताने को मजबूर हैं।
निरीक्षण के दौरान विधायक एक पीड़ित परिवार के घर भी पहुंचे, जहां स्थानीय लोगों ने उन्हें सत्तू खाने को दिया। विधायक ने इसे सहजता से स्वीकार किया और वहीं बैठकर सत्तू खाया। यह घटना सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गई है।
प्रशासन का कहना है कि बाढ़ और कटाव प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री भेजी जा रही है और सभी प्रभावित परिवारों को जल्द ही अस्थायी आश्रय, भोजन और अन्य जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
फिलहाल गोपालपुर विधानसभा क्षेत्र के कई गांव गंगा नदी के कटाव से बुरी तरह प्रभावित हैं। लोग अपने घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन कर रहे हैं। कटाव और बाढ़ से बचाव के लिए तटबंधों की मजबूती और स्थायी समाधान की मांग एक बार फिर से जोर पकड़ रही है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि जल्द ही कटाव पर नियंत्रण नहीं पाया गया, तो स्थिति और भी भयावह हो सकती है। अब सभी की निगाहें इस ओर हैं कि प्रशासन और जनप्रतिनिधि इस संकट से निपटने के लिए कितनी तत्परता और गंभीरता से कार्रवाई करते हैं।














