


भागलपुर के शाहबाजनगर मौलाना चक निवासी एक युवती की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत को लेकर परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है। परिजनों का आरोप है कि घटना के कई दिन बीत जाने के बावजूद उन्हें पोस्टमार्टम रिपोर्ट उपलब्ध नहीं कराई गई है तथा मामले में पुलिस की कार्रवाई संतोषजनक नहीं है। इधर, जन सुराज पार्टी के एक प्रतिनिधिमंडल ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर निष्पक्ष जांच की मांग की है।
परिजनों के अनुसार, नाज़िया घर से सैंडिस कंपाउंड घूमने के लिए निकली थी। उनका कहना है कि अगले दिन, 1 जुलाई 2026 को उसका शव बरामद हुआ। मृतका के पिता मोहम्मद नौशाद आलम ने आरोप लगाया कि उनकी बेटी की हत्या की गई है, लेकिन मामले को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है।

परिजनों का कहना है कि घटना के तीन दिन बाद भी पोस्टमार्टम रिपोर्ट उपलब्ध नहीं कराई गई है। उनका यह भी आरोप है कि जिस कपड़े में नाज़िया घर से निकली थी, वह कपड़ा शव पर नहीं था। साथ ही गाल और छाती पर चोट के निशान होने के कारण उन्हें हत्या की आशंका है। इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है और इनकी सत्यता जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।
मामले को लेकर जन सुराज पार्टी का एक प्रतिनिधिमंडल क्षेत्रीय प्रभारी अशोक झा के नेतृत्व में पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचा। प्रतिनिधिमंडल में जिला महामंत्री मो. साबिर, अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ अध्यक्ष नजरूल हक, पूर्व प्रखंड अध्यक्ष मुजम्मिल, नगर युवा संयोजक पीयूष मिश्रा, विजय गुप्ता, आकाश दास, नवाज आलम, आफताब आलम, मो. गुड्डू, प्रो. अजीत कुमार, मो. नाज़ आलम सहित कई कार्यकर्ता मौजूद थे।
प्रतिनिधिमंडल ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने, पोस्टमार्टम रिपोर्ट शीघ्र उपलब्ध कराने तथा यदि किसी की संलिप्तता सामने आती है तो दोषियों की जल्द गिरफ्तारी सुनिश्चित करने की मांग की।
समाचार लिखे जाने तक इस मामले में पुलिस प्रशासन की ओर से कोई विस्तृत आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था। पुलिस जांच के बाद ही मौत के कारणों और परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों की पुष्टि हो सकेगी।
















