
सरकारी क्वार्टर में मिला शव, सहकर्मी की सूचना पर पहुंचे वरीय पुलिस अधिकारी; 16 अक्टूबर को सहायक अवर निरीक्षक से अवर निरीक्षक पद पर हुआ था प्रमोशन, कारणों का पता लगाने में जुटी पुलिस

नवगछिया। नवगछिया पुलिस लाइन स्थित अपने सरकारी क्वार्टर में दारोगा योगेश कुमार ने जान दे दी। शनिवार सुबह करीब छह बजे एक सहकर्मी पुलिस पदाधिकारी ने उन्हें कमरे में पंखे से लटका हुआ देखा। इसके बाद वरीय पुलिस अधिकारियों को घटना की सूचना दी गई। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। सूचना पर नवगछिया के पुलिस अधीक्षक वैभव शर्मा, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सईम रजा और डीएसपी मुख्यालय मौके पर पहुंचे। पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और मामले की जांच शुरू कर दी। फिलहाल घटना के कारणों का पता नहीं चल पाया है।
2019 से नवगछिया पुलिस जिले में थे कार्यरत
प्राप्त जानकारी के अनुसार, योगेश कुमार ने वर्ष 2019 में नवगछिया पुलिस जिले में सहायक अवर निरीक्षक स्टेनो के पद पर योगदान दिया था। इसके बाद से वह नवगछिया पुलिस अधीक्षक कार्यालय में रीडर के रूप में कार्यरत थे। पुलिस विभाग में अपने कार्यकाल के दौरान वह एसपी कार्यालय से जुड़े दायित्वों का निर्वहन कर रहे थे।
बीते 16 अक्टूबर को उनका सहायक अवर निरीक्षक से अवर निरीक्षक पद पर प्रमोशन हुआ था। प्रमोशन के बाद नवगछिया के पुलिस अधीक्षक वैभव शर्मा ने उनके सम्मान में कार्यक्रम आयोजित कर उन्हें अवर निरीक्षक का बैच पहनाया था। पदोन्नति के कुछ ही दिनों बाद उनकी मौत की खबर सामने आने से पुलिस विभाग में शोक का माहौल है।
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे वरीय अधिकारी
घटना की सूचना मिलने के बाद एसपी वैभव शर्मा, एसडीपीओ सईम रजा और डीएसपी मुख्यालय पुलिस लाइन स्थित उनके सरकारी क्वार्टर पहुंचे। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आवश्यक जानकारी जुटाई। साक्ष्यों की सुरक्षा के मद्देनजर घटनास्थल पर बाहरी लोगों के प्रवेश को रोक दिया गया। पुलिस मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
योगेश कुमार पुलिस लाइन स्थित अपने सरकारी क्वार्टर में अकेले रहते थे। घटना के पीछे क्या वजह रही, इसका फिलहाल खुलासा नहीं हो सका है। पुलिस की जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

प्रमोशन के बाद हुई घटना से पुलिस महकमे में शोक
योगेश कुमार को हाल ही में अवर निरीक्षक पद पर पदोन्नति मिली थी। एसपी की ओर से आयोजित कार्यक्रम में उन्हें बैच पहनाया गया था। ऐसे में कुछ ही दिनों बाद उनकी मौत की खबर से सहकर्मियों और पुलिसकर्मियों के बीच शोक का माहौल है।
पुलिस मामले की जांच में जुटी है। घटना के कारणों और उससे जुड़ी परिस्थितियों का पता लगाने के लिए आवश्यक प्रक्रिया पूरी की जा रही है।















