


पूर्णिया : पश्चिमी विक्षोभ और बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी के प्रभाव से सीमांचल क्षेत्र में प्री-मानसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है। बुधवार को पूर्णिया में मौसम ने अचानक करवट ली और तेज आंधी के साथ मूसलाधार बारिश हुई, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया।
सुबह से ही आसमान घने बादलों से ढका रहा और दिनभर ठंडी हवाएं चलती रहीं। देर शाम मौसम और बिगड़ गया, जब तेज हवा, गरज और बिजली के साथ करीब 3 घंटे तक लगातार बारिश हुई। इस दौरान शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक सड़कों और गलियों में पानी भर गया, जिससे लोगों को आवाजाही में काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
फसलों को भारी नुकसान
आंधी और तेज बारिश का असर खेती पर भी पड़ा है। स्थानीय निवासी अनुरुद्ध मेहता के अनुसार, कई जगहों पर मक्के की फसल गिर गई और जलजमाव के कारण फसल खराब हो गई है। किसानों को आर्थिक नुकसान की चिंता सता रही है।
बिजली आपूर्ति बाधित
बारिश और तेज हवा के चलते कई इलाकों में बिजली आपूर्ति भी प्रभावित हुई। प्रशासन की टीमें स्थिति सामान्य करने में जुटी हुई हैं।
येलो अलर्ट जारी
मौसम विभाग ने पहले ही पूर्णिया के लिए येलो अलर्ट जारी किया था। इससे पहले संभावित खराब मौसम को देखते हुए रेड अलर्ट भी जारी किया गया था। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अगले 24 घंटे तक मौसम इसी तरह बना रह सकता है, इसलिए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
राहत की खबर
हालांकि अब तक किसी बड़े हादसे या जनहानि की सूचना नहीं मिली है, जो राहत की बात है।
प्रशासन की अपील है कि लोग अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें, बिजली के खंभों और पेड़ों से दूर रहें, और मौसम अपडेट पर नजर बनाए रखें।















