


@ चाय की चुस्की महंगी, सब्जी का स्वाद भी हुआ तीखा – एक महीने में चीनी ₹12 और प्याज ₹30 किलो तक उछला।
प्रदीप विद्रोही
भागलपुर। महंगाई की मार अब रसोई से निकलकर सीधे आम आदमी की जेब पर दस्तक दे रही है। भागलपुर के शहरी इलाकों से लेकर ग्रामीण बाजारों तक चीनी और प्याज के बढ़ते दामों ने घरेलू बजट का स्वाद बिगाड़ दिया है। हालात ऐसे हैं कि चाय की चुस्की लेने से पहले भी अब जेब का हिसाब लगाना पड़ रहा है।

सबसे ज्यादा तेवर चीनी ने दिखाए हैं। महज एक महीने के भीतर चीनी की कीमत में करीब 12 रुपये प्रति किलो का इजाफा हुआ है। खुले बाजार में जो चीनी पहले करीब 54 रुपये किलो मिल रही थी, उसकी कीमत अब बढ़कर 66 रुपये किलो तक पहुंच गई है। क्विंटल के हिसाब से बढ़ी कीमत का अंदाजा लगाएं तो कारोबारियों और आम उपभोक्ताओं दोनों पर इसका असर साफ दिखाई देता है।
अब प्याज भी कह रहा – मुझे काटोगे तो मैं रुलाऊंगा! कुछ समय पहले तक करीब 20 रुपये किलो बिकने वाला प्याज अब बढ़कर लगभग 50 रुपये किलो तक पहुंच गया है। यानी कीमत में करीब 30 रुपये किलो का उछाल। रोजमर्रा की रसोई में इस्तेमाल होने वाली इन दोनों चीजों के महंगे होने से घर का मासिक बजट गड़बड़ाने लगा है।
गृहिणियों की परेशानी बढ़ गई है। चाय में चीनी कम करने की चर्चा हो रही है तो सब्जी में प्याज की मात्रा घटाने की। आम उपभोक्ता के लिए सवाल यही है – जब रोजमर्रा की जरूरतों के दाम ही लगातार चढ़ेंगे, तो राहत आखिर मिलेगी कहां?
कहने को बाजार में रेट बढ़े हैं, लेकिन असर हर घर की थाली पर दिखाई दे रहा है। महंगाई डायन खाए जात है…।
















