


@ श्री बाबा भद्रेश्वर नाथ महादेव मंदिर न्यास समिति का आदेश, अनुमति के बिना कार्यक्रम करने पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी।
प्रदीप विद्रोही
भागलपुर। श्री श्री 108 बाबा भद्रेश्वर नाथ महादेव मंदिर, कहलगांव, सदानंदपुर बैसा की न्यास समिति ने भद्रेश्वर पर्वत की शिखर चोटी पर आयोजित किए जा रहे कथित मीटअप कार्यक्रमों पर तत्काल प्रभाव से पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। न्यास समिति की ओर से जारी सूचना के अनुसार, 29 सितंबर 2026 से बिना अनुमति किसी भी प्रकार के मीटअप कार्यक्रम के आयोजन पर रोक रहेगी।
बिहार राज्य धार्मिक न्यास पर्षद से मान्यता प्राप्त मंदिर की न्यास समिति के अध्यक्ष प्रेम कुमार की ओर से जारी सूचना में कहा गया है कि पिछले करीब दो महीने से प्रत्येक रविवार को भद्रेश्वर पर्वत की शिखर चोटी पर किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा मीटअप कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा था। इन कार्यक्रमों के दौरान महिला-पुरुष तथा छात्र-छात्राओं द्वारा शॉर्ट वीडियो बनाए जाने की बात भी समिति के संज्ञान में आई।

न्यास समिति से नहीं ली गई थी अनुमति:
जारी सूचना के मुताबिक, इन कार्यक्रमों के आयोजन के लिए न्यास समिति से कोई आदेश या अनुमति नहीं ली गई थी। समिति का कहना है कि अब तक मीटअप कार्यक्रम आयोजित करने के लिए उसके समक्ष कोई आवेदन भी प्राप्त नहीं हुआ था।
समिति ने सार्वजनिक स्थान पर बिना अनुमति ऐसे आयोजनों को लेकर चिंता जताई है। सूचना में बिहार में सोशल मीडिया पर प्रसारित होने वाले आपत्तिजनक वीडियो और उनसे जुड़े मामलों में पुलिस की कार्रवाई का भी उल्लेख किया गया है।
अनुमति के बाद ही आयोजित हो सकेगा कार्यक्रम
न्यास समिति ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में यदि कोई व्यक्ति ऐसे कार्यक्रम का आयोजन करना चाहता है तो उसे पहले न्यास समिति तथा स्थानीय थाना कहलगांव, भागलपुर से नियमानुसार अनुमति लेनी होगी। अनुमति मिलने के बाद ही कार्यक्रम आयोजित किया जा सकेगा।
समिति की ओर से जारी आदेश में चेतावनी दी गई है कि प्रतिबंध के बावजूद बिना अनुमति इस प्रकार का कोई कार्यक्रम आयोजित करते हुए पकड़े जाने पर न्यास समिति एवं स्थानीय थाना कहलगांव द्वारा नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
एसडीओ और थाना अध्यक्ष को भेजी गई प्रतिलिपि
न्यास समिति की ओर से जारी सूचना की प्रतिलिपि अनुमंडल पदाधिकारी, कहलगांव तथा थानाध्यक्ष, कहलगांव को भी भेजी गई है। आदेश पर न्यास समिति के अध्यक्ष प्रेम कुमार के हस्ताक्षर हैं।समिति ने श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों से पर्वत क्षेत्र में धार्मिक एवं सामाजिक गतिविधियों के दौरान निर्धारित नियमों का पालन करने तथा किसी भी कार्यक्रम के आयोजन से पूर्व संबंधित प्राधिकार से अनुमति लेने की अपील की है।

















