


भागलपुर।
महाकाल दर्शन संस्था द्वारा गुरुवार को स्थानीय गौशाला प्रांगण में आयोजित प्रेस वार्ता में जानकारी दी गई कि 27 मार्च 2026 की संध्या में लगभग 100 श्रद्धालुओं का जत्था भागलपुर से उज्जैन स्थित श्री महाकालेश्वर मंदिर एवं मध्य प्रदेश के श्री ओंकारेश्वर मंदिर के दर्शन-पूजन के लिए रवाना होगा।
संस्था के पदाधिकारियों ने बताया कि इस धार्मिक यात्रा की शुरुआत छोटे स्तर पर मात्र पांच श्रद्धालुओं के साथ की गई थी। समय के साथ श्रद्धालुओं की संख्या में लगातार वृद्धि हुई—पहले यह संख्या 50 तक पहुंची और अब 100 श्रद्धालुओं का जत्था तैयार है, जो संस्था के प्रति बढ़ते विश्वास और आस्था का प्रतीक है।
इस यात्रा की विशेषता यह है कि संस्था द्वारा एक अनोखी व्यवस्था लागू की गई है, जिसके तहत इच्छुक श्रद्धालुओं को मात्र एक रुपये में भी महाकाल एवं ओंकारेश्वर के दर्शन का अवसर मिल सकता है। इसके लिए पंजीकरण प्रक्रिया अपनाई जाती है और सभी पंजीकृत श्रद्धालुओं में से लॉटरी प्रणाली के माध्यम से पांच भाग्यशाली लोगों का चयन किया जाता है, जिन्हें एक रुपये में यात्रा और दर्शन का लाभ दिया जाता है।
संस्था के सदस्यों ने बताया कि उनका मुख्य उद्देश्य कम लागत में अधिक से अधिक लोगों को धार्मिक स्थलों के दर्शन कराना तथा सनातन संस्कृति के प्रति आस्था को मजबूत करना है। उन्होंने कहा कि यह पहल समाज के हर वर्ग के लोगों को जोड़ने का एक सकारात्मक प्रयास है।
प्रेस वार्ता के दौरान संस्था के कई पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे। इनमें प्रमुख रूप से सन्नी सरीन, प्रशांत कुमार, सुमित कुमार, नितिन भुवानिका, प्रिंस कुमार, मनीष दास, अमित कुमार, पवन जैन, प्रशांत टेकरीवाल, सोनू कुमार एवं संजय कुमार शामिल थे।
यह धार्मिक यात्रा न केवल आस्था का प्रतीक है, बल्कि सामाजिक समरसता और धार्मिक जागरूकता को बढ़ावा देने की दिशा में एक सराहनीय पहल भी मानी जा रही है।













