



नावगछिया : प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, नवगछिया में ‘गावी जीरो डोज प्रोजेक्ट’ के तहत समुदाय के प्रभावशाली व्यक्तियों और पार्षदों के लिए नियमित टीकाकरण पर आधारित उन्मुखीकरण प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य शत-प्रतिशत नियमित टीकाकरण सुनिश्चित करने के लिए समुदाय में प्रभावी जनप्रतिनिधियों की भूमिका को सशक्त बनाना था।
प्रशिक्षण शिविर में पीसीआई संगठन द्वारा नवगछिया प्रखंड के 10 चयनित गांवों से आए पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधियों और अन्य प्रभावशाली व्यक्तियों को समुदाय में टीकाकरण को लेकर जागरूकता फैलाने के तरीकों की जानकारी दी गई।
जिला समन्वयक आनंद कुमार ने प्रशिक्षण का उद्देश्य स्पष्ट करते हुए कहा कि समुदाय के बीच स्वास्थ्य और टीकाकरण को लेकर व्यवहार परिवर्तन लाने में प्रभावशाली लोगों की अहम भूमिका होती है। उन्हें सही जानकारी और संवाद कौशल से लैस कर जागरूकता अभियान को अधिक प्रभावशाली बनाया जा सकता है।

प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. बी. दास ने प्रशिक्षण के दौरान बच्चों में होने वाली जानलेवा बीमारियों और उनकी रोकथाम के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सही समय पर टीकाकरण से कई गंभीर बीमारियों से बच्चों को सुरक्षित रखा जा सकता है।
प्रखंड समन्वयक सुनील कुमार ने 11 तरह के टीकों और 12 जानलेवा बीमारियों पर चर्चा करते हुए टीवी, डिप्थीरिया, टेटनस, खसरा और दिमागी बुखार जैसी बीमारियों से बचाव के लिए नियमित टीकाकरण को आवश्यक बताया।
इस अवसर पर सिमरा, अजानी, मखातकिया, एनएसी-1, ढोलबज्जा दियारा, रामपुर, लुरीदास टोला आदि पंचायतों से आए पंचायती राज प्रतिनिधि और पार्षदों में मुकेश राणा, दीपक कुमार उर्फ गुड्डू भगत, मोहम्मद मोइउद्दीन और अंसार आलम के साथ-साथ प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक व सामुदायिक उत्प्रेरक उपस्थित थे।
प्रशिक्षण शिविर के माध्यम से यह प्रयास किया गया कि समुदाय में विश्वसनीय और सक्रिय व्यक्तियों को स्वास्थ्य अभियानों का समर्थक और सहभागी बनाया जाए, जिससे शत-प्रतिशत टीकाकरण का लक्ष्य हासिल किया जा सके।














