



भागलपुर में छात्राओं और महिलाओं की सुरक्षा को मजबूत करने के लिए पुलिस प्रशासन ने एक नई पहल की शुरुआत की है। पूर्व में निष्क्रिय रहे ‘शेरनी दल’ की जगह अब पूरी तरह संगठित और सक्रिय ‘अभया ब्रिगेड’ को मैदान में उतारा गया है। इस नई टीम के शुरू होते ही सदस्यों ने विभिन्न शिक्षण संस्थानों में जागरूकता अभियान चलाकर छात्राओं को सुरक्षा का भरोसा दिलाया।
अभया ब्रिगेड की नई संरचना के तहत जिले के प्रत्येक थाना क्षेत्र में एक टीम गठित की गई है, जिसकी नेतृत्व जिम्मेदारी एक महिला एसआई को सौंपी गई है। यह टीम स्कूलों, कॉलेजों और कोचिंग संस्थानों के आसपास कड़ी निगरानी रखेगी। टीम ने छात्राओं से अपील की है कि किसी भी तरह की छेड़छाड़ या उत्पीड़न की स्थिति में वे बिना हिचकिचाहट डायल 112 या स्थानीय पुलिस को तुरंत सूचित करें। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि शिकायत मिलते ही त्वरित कार्रवाई की जाएगी।

जागरूकता अभियान के दौरान छात्राओं से मिले फीडबैक के आधार पर शहर के कई संवेदनशील स्थानों को चिह्नित किया गया है। इन हॉटस्पॉट्स पर अब विशेष गश्त की व्यवस्था की जाएगी, ताकि शोहदों पर प्रभावी ढंग से नकेल कसी जा सके।
सिटी एसपी शुभांक मिश्रा ने बताया कि अभया ब्रिगेड का मुख्य उद्देश्य महिलाओं में सुरक्षा की भावना को और मजबूत करना है। टीमों को आवेदन, शिकायत और गश्त—तीनों स्तरों पर सक्रिय कर दिया गया है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि जल्द ही टीम को स्कूटी उपलब्ध कराने की योजना है, जिससे वे घटनास्थल पर और तेजी से पहुंच सकें।
अभया ब्रिगेड की सक्रियता से शहर में महिला सुरक्षा को लेकर नई उम्मीद जगी है और प्रशासन को विश्वास है कि इससे छेड़छाड़ की घटनाओं में उल्लेखनीय कमी आएगी।














