


अवैध संबंध और आपसी प्रतिशोध में हुई थी हत्या, युवती समेत 6 गिरफ्तार
कटिहार संवाददाता। कटिहार जिले के बलरामपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत हरियरपुर गांव में मक्के के खेत से मिले युवक के शव मामले का पुलिस ने महज 48 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। चर्चित बाबूलाल नुनिया हत्याकांड में पुलिस ने एक युवती और दो महिलाओं समेत कुल छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि हत्या के पीछे अवैध संबंध, प्रेम प्रसंग और आपसी प्रतिशोध की कहानी छिपी हुई थी।
जानकारी के अनुसार मृतक बाबूलाल नुनिया 25 मई की शाम से लापता था। काफी खोजबीन के बाद भी जब उसका कोई पता नहीं चला तो उसके भाई मुकेश कुमार सिंह ने बलरामपुर थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई। आवेदन में आरोप लगाया गया कि हरियरपुर गांव निवासी मारामाई हेंब्रम और उसकी पुत्री अनीता सोरेन किसी बहाने बाबूलाल को अपने साथ ले गई थीं, जिसके बाद वह वापस घर नहीं लौटा।
अगले दिन परिजनों ने आसपास के इलाकों में तलाश शुरू की। इसी दौरान मारामाई हेंब्रम के घर के पीछे स्थित मक्के के खेत से बाबूलाल का खून से लथपथ शव बरामद हुआ। शव पर धारदार हथियार से किए गए कई गंभीर वार के निशान मिले, जिससे हत्या की आशंका और गहरा गई। घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर विशेष जांच टीम का गठन किया गया। टीम ने तकनीकी साक्ष्यों, मोबाइल कॉल डिटेल और स्थानीय लोगों से पूछताछ के आधार पर तेजी से जांच आगे बढ़ाई।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि मृतक का संबंध एक युवती से था, जिसे लेकर गांव में लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी प्रेम प्रसंग और अवैध संबंध को लेकर आरोपियों ने मिलकर बाबूलाल की हत्या की साजिश रची। योजना के तहत उसे घर से बुलाकर सुनसान मक्के के खेत में ले जाया गया, जहां धारदार हथियार से हमला कर उसकी हत्या कर दी गई।
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस मामले में एक युवती, दो महिलाओं समेत कुल छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों से लगातार पूछताछ की जा रही है। पुलिस हत्या में इस्तेमाल हथियार की बरामदगी और पूरे घटनाक्रम के अन्य पहलुओं की जांच में जुटी हुई है।
घटना के खुलासे के बाद इलाके में चर्चाओं का बाजार गर्म है। वहीं मृतक के परिजनों ने पुलिस कार्रवाई पर संतोष जताते हुए सभी आरोपियों को कड़ी सजा दिलाने की मांग की है।
















