


बरुण बाबुल, जीएस न्यूज़
नवगछिया के परबत्ता थाना क्षेत्र स्थित महादेवपुर गंगा घाट पर रविवार को हुए एक दर्दनाक हादसे ने एक परिवार की सारी खुशियां मातम में बदल दीं। 19 जून को विवाह बंधन में बंधने वाली 26 वर्षीय युवती की गंगा स्नान के दौरान डूबने से मौत हो गई। सोमवार को शव बरामद होने के बाद पूरे परिवार में कोहराम मच गया। जिस घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं, वहां अब मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है।
मृतका की पहचान सुपौल जिले के पिपरा बाजार अंतर्गत बेलही टोल ब्राह्मण टोला निवासी अनिता कुमारी,उम्र 26 वर्ष के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार अनिता की शादी 19 जून को सुपौल जिले के मुरली गांव में तय हुई थी। विवाह को लेकर घर में जोर-शोर से तैयारियां चल रही थीं। शादी के कार्ड छपकर बांटे जा चुके थे, टेंट-पंडाल लगाया जा चुका था और रिश्तेदारों का घर पहुंचना भी शुरू हो गया था। 18 जून से विवाह संबंधी विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान और हल्दी मेहंदी की रस्में शुरू होनी थीं।
बताया गया कि परिवार द्वारा कुलदेवी पूजन की रस्म पूरी कर ली गई थी। विवाह पूर्व धार्मिक परंपरा के तहत रविवार को परिवार के सदस्य गंगा स्नान के लिए नवगछिया के महादेवपुर घाट पहुंचे थे। स्नान के दौरान अचानक तीन लोग गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। स्थानीय लोगों की मदद से दो लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, लेकिन अनिता गंगा की तेज धारा में लापता हो गई।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन, गोताखोरों और ग्रामीणों द्वारा खोजबीन शुरू की गई, लेकिन रविवार को उसका कोई पता नहीं चल सका। पूरी रात परिजन घाट पर बैठे बेटी के मिलने की आस लगाए रहे। सोमवार को काफी मशक्कत के बाद युवती का शव बरामद किया गया।
सूचना मिलने पर परबत्ता थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल भेज दिया।
नवगछिया अस्पताल में पोस्टमार्टम के बाद परिजन शव को लेकर पुनः महादेवपुर गंगा घाट पहुंचे, जहां धार्मिक रीति-रिवाजों के अनुसार उसी घाट पर उसका अंतिम संस्कार किया गया। जिस घाट पर परिवार शुभ कार्य के लिए गंगा स्नान करने आया था, उसी घाट पर बेटी की चिता जलती देख परिजन फूट-फूटकर रो पड़े।
परिजनों ने बताया कि अनिता ने स्नातक (बीए) तक की पढ़ाई पूरी की थी। वह चार भाइयों के बाद परिवार की इकलौती बहन और सबसे छोटी संतान थी।
उसकी मां स्वर्गीय प्रेमा देवी का पहले ही निधन हो चुका है। पिता जवाहर झा निजी क्षेत्र से सेवानिवृत्त हैं। परिवार के सभी भाई विभिन्न प्रतिष्ठित संस्थानों में कार्यरत हैं। बड़े भाई विकास झा हरियाणा में निजी कंपनी में नौकरी करते हैं, आलोक कुमार झा बैंक मैनेजर हैं, सुभाष झा दुबई में सॉफ्टवेयर इंजीनियर हैं तथा अखिलेश झा गुरुग्राम में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के रूप में कार्यरत हैं।
घटना के समय पिता जवाहर झा, भाई विकास झा, भाई आलोक झा और परिवार के अन्य सदस्य भी गंगा स्नान के लिए साथ आए थे। बेटी की शादी की तैयारियों में जुटा परिवार कुछ ही घंटों में गहरे सदमे में डूब गया।
ग्रामीणों ने बताया कि जिस घर में कुछ दिन पहले तक शादी के गीत गूंज रहे थे, वहां अब रोने-बिलखने की आवाजें सुनाई दे रही हैं। गांव में शोक की लहर है। हर कोई इस दर्दनाक घटना से स्तब्ध है। लोगों का कहना है कि जिस बेटी की डोली चार दिन बाद उठनी थी, उसकी अर्थी उठना पूरे क्षेत्र के लिए बेहद दुखद और हृदयविदारक घटना है।
पुलिस ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है तथा मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी कर ली गई है। अनिता की असामयिक मौत से न केवल उसका परिवार बल्कि पूरा गांव शोकाकुल है।
















