


जीआर राशि से वंचित लोगों को भुगतान, शेष परिवारों को पॉलीथिन शीट देने और मेघल टोला तक तटबंध निर्माण की मांग
मुरलीधर झा

नवगछिया । बाढ़ राहत सहित विभिन्न मांगों को लेकर इस्माइलपुर प्रखंड मुख्यालय परिसर में सोमवार को पश्चिमी भिट्ठा पंचायत की मुखिया किरण देवी ने ग्रामीणों के साथ आमरण अनशन शुरू कर दिया। कृषि भवन के समीप शुरू किए गए अनशन में पंचायत के वार्ड सदस्य, सरपंच प्रतिनिधि सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए। अनशनकारियों ने प्रशासन के सामने बाढ़ प्रभावित परिवारों से जुड़ी समस्याओं के समाधान के साथ तटबंध निर्माण की मांग रखी।
मुखिया की ओर से जिला प्रशासन, अनुमंडल प्रशासन और अंचल कार्यालय के समक्ष मुख्य रूप से तीन मांगें रखी गई हैं। इनमें बाढ़ प्रभावित और जीआर राशि से वंचित लोगों को सहायता राशि उपलब्ध कराना, जिन परिवारों को अब तक पॉलीथिन शीट नहीं मिली है उन्हें शीघ्र पॉलीथिन शीट उपलब्ध कराना तथा इस्माइलपुर प्रखंड मुख्यालय के समीप से मेघल टोला तक तटबंध का निर्माण कराना शामिल है।
अनशन स्थल पर जुटे ग्रामीणों ने कहा कि बाढ़ के दौरान पंचायत के कई परिवारों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। कई परिवारों के घर और घरेलू सामान प्रभावित हुए। ऐसे में राहत राशि और आवश्यक सामग्री समय पर उपलब्ध कराना जरूरी है। ग्रामीणों ने तटबंध निर्माण की मांग को भी महत्वपूर्ण बताया। उनका कहना है कि क्षेत्र में तटबंध की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने से बाढ़ के दौरान लोगों को बार-बार परेशानी का सामना करना पड़ता है।

सबसे अधिक प्रभावित होने का दावा
मुखिया प्रतिनिधि अनिल पोद्दार ने कहा कि पश्चिमी भिट्ठा पंचायत बाढ़ से सबसे अधिक प्रभावित पंचायतों में रही है। इसके बावजूद पंचायत की समस्याओं को अपेक्षित प्राथमिकता नहीं मिल सकी है। उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित परिवारों को राहत उपलब्ध कराने के साथ भविष्य में बाढ़ की समस्या को कम करने के लिए स्थायी उपाय किए जाने की आवश्यकता है।
उन्होंने कहा कि जीआर राशि से अभी भी कई परिवार वंचित हैं। ऐसे परिवारों को सहायता राशि मिलने की आवश्यकता है। इसी तरह जिन परिवारों को पॉलीथिन शीट नहीं मिली है, उन्हें भी शीघ्र उपलब्ध कराया जाना चाहिए। उन्होंने मेघल टोला तक तटबंध निर्माण को लेकर भी प्रशासन से ठोस पहल की मांग की।
देर शाम अनशन स्थल पर पहुंचे अंचलाधिकारी
आमरण अनशन की जानकारी मिलने के बाद देर शाम इस्माइलपुर के अंचलाधिकारी गौरव प्रकाश अनशन स्थल पर पहुंचे। उन्होंने मुखिया किरण देवी, वार्ड पार्षद, पंचायत प्रतिनिधियों और ग्रामीणों से बातचीत की। अंचलाधिकारी ने अनशन समाप्त करने की अपील की और प्रशासन की ओर से अब तक किए गए राहत कार्यों की जानकारी दी।
अंचलाधिकारी ने बताया कि बाढ़ प्रभावित 900 लोगों के बीच जीआर राशि का भुगतान किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि बाढ़ के दौरान प्रभावित लोगों के बीच पॉलीथिन शीट का भी वितरण किया गया था। शेष पॉलीथिन शीट के वितरण को लेकर वरीय अधिकारियों से बातचीत की गई है और जल्द ही उपलब्ध पॉलीथिन शीट का वितरण कराया जाएगा।
मांगें पूरी होने तक अनशन जारी रखने की बात
प्रशासन की ओर से बातचीत और आश्वासन दिए जाने के बावजूद मुखिया किरण देवी ने मांगें पूरी होने तक आमरण अनशन जारी रखने की बात कही। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान होने तक वह अनशन स्थल से नहीं हटेंगी।
देर शाम तक अनशन स्थल पर बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। ग्रामीणों ने भी मुखिया के समर्थन में अपनी मांगों को दोहराया। मौके पर मौजूद पंचायत प्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने कहा कि बाढ़ राहत से जुड़े मामलों के साथ-साथ स्थायी समाधान के लिए तटबंध निर्माण की दिशा में भी प्रशासन को पहल करनी चाहिए।
तीन प्रमुख मांगों पर टिका आंदोलन
मुखिया और ग्रामीणों का आंदोलन मुख्य रूप से तीन मांगों पर केंद्रित है। पहली मांग बाढ़ प्रभावित और जीआर राशि से वंचित लोगों को सहायता राशि उपलब्ध कराने की है। दूसरी मांग शेष प्रभावित परिवारों को पॉलीथिन शीट देने की है। तीसरी और सबसे महत्वपूर्ण मांग इस्माइलपुर प्रखंड मुख्यालय के समीप से मेघल टोला तक तटबंध निर्माण कराने की है।
फिलहाल प्रशासन और अनशनकारियों के बीच बातचीत के बावजूद देर शाम तक आमरण अनशन जारी रहा। अब देखना होगा कि प्रशासन की ओर से राहत सामग्री और जीआर राशि से जुड़ी मांगों पर कितनी जल्दी कार्रवाई होती है तथा मेघल टोला तक तटबंध निर्माण की मांग को लेकर आगे क्या कदम उठाया जाता है।
















