


भागलपुर सहित बिहार के कई जिलों में आए तेज आंधी, मूसलाधार बारिश और चक्रवाती तूफान ने जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। तूफान के कारण बिजली व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई है। भागलपुर शहर समेत आसपास के कई इलाकों में करीब 40 घंटे तक बिजली आपूर्ति ठप रहने से लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
लगातार बिजली बाधित रहने के कारण पेयजल संकट, मोबाइल नेटवर्क की समस्या, कारोबार पर असर और भीषण गर्मी के बीच आम लोगों की मुश्किलें काफी बढ़ गईं। कई इलाकों में लोगों को अंधेरे में रात गुजारनी पड़ी। वहीं अस्पतालों, दुकानों और घरेलू कामकाज पर भी बिजली कटौती का व्यापक असर देखने को मिला।
इसी बीच बिजली आपूर्ति को जल्द बहाल कराने और हालात का जायजा लेने के लिए बिजली विभाग के प्रबंध निदेशक राहुल कुमार भागलपुर पहुंचे। वह हेलीकॉप्टर से भागलपुर पहुंचे, जहां जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी सहित बिजली विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका स्वागत किया।
इसके बाद प्रबंध निदेशक राहुल कुमार ने मुख्य अभियंता विद्युत, अधीक्षण अभियंता तथा तीनों कार्यपालक अभियंताओं के साथ बैठक कर भागलपुर, कहलगांव और नवगछिया डिवीजन में बिजली आपूर्ति की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में क्षतिग्रस्त बिजली पोल, टूटे तार, ट्रांसफॉर्मर और अन्य तकनीकी समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
मीडिया से बातचीत करते हुए राहुल कुमार ने कहा कि बीती रात आए चक्रवात और 26 मई की रात हुई तेज आंधी एवं बारिश के कारण कई स्थानों पर बिजली के पोल, तार और अन्य उपकरण क्षतिग्रस्त हो गए हैं। उन्होंने बताया कि बिजली विभाग की टीमें लगातार युद्धस्तर पर बिजली बहाली के कार्य में जुटी हुई हैं।
उन्होंने कहा कि बिजली एक आपातकालीन सेवा है, इसलिए विभाग के अधिकारी और कर्मचारी दिन-रात फील्ड में रहकर काम कर रहे हैं। रात के समय भी लगातार मरम्मत कार्य चलाया गया और अब भी कई टीमें अलग-अलग क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति सामान्य करने में लगी हुई हैं।
वहीं जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी ने भी बिजली विभाग से जल्द से जल्द बिजली आपूर्ति बहाल करने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि आम जनता को राहत पहुंचाने के लिए सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ तेजी से कार्य करने की आवश्यकता है।
बैठक के दौरान प्रबंध निदेशक राहुल कुमार ने निर्देश दिया कि जिन इलाकों में अब तक बिजली बहाल नहीं हो सकी है, वहां प्राथमिकता के आधार पर कार्य करते हुए जल्द आपूर्ति शुरू कराई जाए, ताकि लोगों को राहत मिल सके।
प्रशासन और बिजली विभाग ने लोगों से धैर्य बनाए रखने की अपील करते हुए कहा है कि क्षतिग्रस्त बिजली लाइनों और टूटे तारों से दूर रहें तथा किसी भी आपात स्थिति की सूचना तुरंत विभाग को दें।













