
31 अक्टूबर तक चलेगा जागरूकता अभियान, न्यायिक पदाधिकारियों ने विभिन्न विद्यालयों में पहुंचकर विद्यार्थियों को बाल शोषण से बचाव और कानूनी अधिकारों की दी जानकारी
नवगछिया। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली और बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर अनुमंडल विधिक सेवा समिति, नवगछिया की ओर से बुधवार को विभिन्न विद्यालयों में सुरक्षित बचपन अभियान चलाया गया। अखिल भारतीय विद्यालय जागरूकता अभियान के तहत आयोजित कार्यक्रमों में विद्यार्थियों को बाल अधिकार, बाल शोषण से बचाव और लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम (पॉक्सो), 2012 के कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई। यह अभियान 31 अक्टूबर तक जारी रहेगा।

अभियान का उद्देश्य बच्चों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना, उन्हें शोषण से बचाव के उपाय बताना और कानून के माध्यम से सुरक्षा प्राप्त करने की जानकारी देना है। इसके तहत न्यायिक पदाधिकारियों ने विभिन्न विद्यालयों में पहुंचकर विद्यार्थियों से संवाद किया और उन्हें अपनी सुरक्षा के प्रति सजग रहने के लिए प्रेरित किया।
न्यायिक पदाधिकारियों के निर्देशन में चल रहा अभियान
सुरक्षित बचपन अभियान की रूपरेखा अनुमंडल विधिक सेवा समिति के अध्यक्ष सह अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम अफजल आलम तथा समिति के सचिव सह अनुमंडल न्यायिक दंडाधिकारी आशीष चंद्र के निर्देशन में तैयार की गई है। अभियान के तहत विद्यालयों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर बच्चों को उनके विधिक अधिकारों और सुरक्षा से संबंधित प्रावधानों से अवगत कराया जा रहा है।
कार्यक्रमों के दौरान विद्यार्थियों को बताया गया कि बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। बाल शोषण जैसी घटनाओं को रोकने के लिए जागरूकता आवश्यक है। बच्चों को किसी भी प्रकार की अनुचित गतिविधि या दुर्व्यवहार की स्थिति में चुप रहने के बजाय विश्वसनीय अभिभावक, शिक्षक या संबंधित अधिकारियों को जानकारी देने के लिए प्रेरित किया गया।
विभिन्न विद्यालयों में न्यायिक पदाधिकारियों ने दी जानकारी
प्रोजेक्ट गर्ल्स इंटर स्कूल, सैदपुर में अनुमंडल विधिक सेवा समिति के अध्यक्ष सह अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम अफजल आलम ने छात्राओं को बाल सुरक्षा और संबंधित कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी। उन्होंने छात्राओं को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने तथा किसी भी प्रकार की अनुचित घटना की स्थिति में उचित सहायता लेने के महत्व से अवगत कराया।
पीएम श्री हाई स्कूल एवं मिडिल स्कूल, सैदपुर में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय दिव्य प्रकाश ने विद्यार्थियों को बाल शोषण से बचाव के उपाय बताए। उन्होंने बच्चों को अपनी सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने और किसी भी परेशानी की स्थिति में उचित माध्यम से शिकायत करने के महत्व की जानकारी दी।

हाई स्कूल, बाबू टोला, कमला कुंड में अपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम अभिषेक आनंद ने विद्यार्थियों को जागरूक किया। उन्होंने बच्चों को उनके अधिकारों और सुरक्षा से संबंधित कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी।
बाल अधिकारों और पॉक्सो कानून पर हुई चर्चा
एसबीसी हाई स्कूल, लत्तीपाकर, धरहरा में अनुमंडल विधिक सेवा समिति के सचिव सह अनुमंडल न्यायिक दंडाधिकारी आशीष चंद्र ने विद्यार्थियों को बाल अधिकारों और पॉक्सो कानून के प्रावधानों से अवगत कराया। उन्होंने बच्चों की सुरक्षा के लिए बनाए गए कानूनी प्रावधानों की जानकारी देते हुए जागरूकता के महत्व पर चर्चा की।
जगदंबा गर्ल्स स्कूल, गोपालपुर में मुंसिफ अर्पिता सिन्हा ने छात्राओं को सुरक्षा के प्रति सजग रहने और अपने अधिकारों को समझने की जानकारी दी। वहीं, मिडिल स्कूल, धरहरा में न्यायिक दंडाधिकारी सुप्रिया शेखर तथा हाई स्कूल, पचगछिया में न्यायिक दंडाधिकारी कुसुम शर्मा ने विद्यार्थियों को उनके विधिक अधिकारों के बारे में बताया।
इन कार्यक्रमों के माध्यम से बच्चों को यह समझाने का प्रयास किया गया कि कानून उनकी सुरक्षा के लिए है और किसी भी प्रकार के शोषण या दुर्व्यवहार की स्थिति में सहायता प्राप्त करने के कानूनी रास्ते उपलब्ध हैं।
विद्यालयों में सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश
अभियान के सफल संचालन के लिए संबंधित विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों, प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों और थानाध्यक्षों को आवश्यक व्यवस्था करने तथा सुरक्षा सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है। विद्यालयों में आयोजित इन कार्यक्रमों के माध्यम से अधिक से अधिक विद्यार्थियों तक बाल सुरक्षा और कानूनी अधिकारों से जुड़ी जानकारी पहुंचाने पर जोर दिया जा रहा है।
बच्चों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना उद्देश्य
सुरक्षित बचपन अभियान का मुख्य उद्देश्य बच्चों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक बनाना और उन्हें सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने के लिए कानूनी जानकारी देना है। बाल शोषण की रोकथाम, बच्चों की सुरक्षा और कानून के प्रति जागरूकता बढ़ाने में ऐसे कार्यक्रम महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
अनुमंडल विधिक सेवा समिति, नवगछिया की ओर से चलाया जा रहा यह अभियान 31 अक्टूबर तक जारी रहेगा। इसके तहत विद्यालयों में जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से बच्चों को उनके अधिकारों, सुरक्षा के उपायों और जरूरत पड़ने पर कानूनी सहायता प्राप्त करने के तरीकों की जानकारी दी जा रही है।














