


नवगछिया पुलिस जिला अंतर्गत जीरो माइल, शिवानी विवाह भवन के समीप शुक्रवार की देर रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में “कुका” नाम से पहचानी जाने वाली महिला की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि किसी अज्ञात वाहन ने उसे कुचल दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन मौके पर पहुंचा और शव को कब्जे में लेकर नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल लाया गया। शनिवार सुबह पहचान की प्रक्रिया के दौरान अस्पताल कर्मियों ने पुष्टि की कि मृत महिला वही “कुका” है, जो पिछले कई वर्षों से अस्पताल परिसर में रह रही थी। यह खबर मिलते ही अस्पताल परिसर में शोक की लहर दौड़ गई और सभी कर्मचारी भावुक हो उठे। इसके बाद डॉक्टरों, कर्मचारियों एवं एंबुलेंस चालकों ने मिलकर पूरे सम्मान के साथ “कुका” को अंतिम विदाई दी। अंतिम संस्कार के लिए अस्पताल के विकास कुमार सहित अन्य कर्मचारी उसे लेकर गए।
अस्पताल परिवार की अभिन्न सदस्य थी “कुका”
“कुका” कोई साधारण महिला नहीं थी, बल्कि नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल परिवार की एक अभिन्न सदस्य बन चुकी थी। लगभग सात वर्षों से वह अस्पताल परिसर में रह रही थी। वर्ष 2019 में किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा अस्पताल में छोड़े जाने के बाद उसकी स्थिति बेहद दयनीय थी, लेकिन डॉक्टरों और कर्मचारियों की देखरेख में वह धीरे-धीरे स्वस्थ हुई और यहीं बस गई।

मानसिक रूप से पूरी तरह विकसित नहीं होने के बावजूद वह सभी को पहचानती थी और अपने अनोखे अंदाज में सबके साथ घुल-मिल जाती थी। अस्पताल के डॉक्टर, नर्स, सफाईकर्मी और एंबुलेंस चालक—सभी उसे अपने परिवार के सदस्य की तरह मानते थे।
कोरोना काल में भी रही अस्पताल में सुरक्षित
कोरोना काल के दौरान भी “कुका” अस्पताल परिसर में ही रही और सभी के बीच सुरक्षित रही। उसे सजना-संवरना बेहद पसंद था—हाथों में चूड़ियां, माथे पर बिंदी और सजे हुए बालों में उसकी मासूम खुशी झलकती थी। उसकी भाषा भले स्पष्ट नहीं थी, लेकिन अस्पताल के लोग उसके हर इशारे और भावनाओं को समझ लेते थे।
अगर किसी दिन वह नजर नहीं आती, तो कर्मचारी उसे ढूंढ़ने लगते थे। कई बार वह भटककर अन्य जगहों तक चली जाती थी, लेकिन हर बार कोई न कोई उसे पहचान कर वापस अस्पताल ले आता था। अस्पताल ही उसका घर बन चुका था और वह कहीं और रहना नहीं चाहती थी।
हमेशा के लिए छोड़ गई यादें
“कुका” के अचानक निधन से नवगछिया अनुमंडलीय अस्पताल ने अपनी एक अनमोल पहचान खो दी है। उसकी मासूम मुस्कान, अपनापन और सहज व्यवहार अब केवल यादों में ही रह गया है।
जीएस न्यूज़ परिवार की ओर से “कुका” को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की गई है।














