


पूर्णिया।पूर्णिया स्थित जी डी गोयनका पब्लिक स्कूल, पूर्णिया में आयोजित आध्यात्मिक कार्यक्रम में पूज्य संतों के आगमन से विद्यालय परिसर आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर हो उठा। कार्यक्रम में पूज्य मुनि तपस्वी श्री डॉ. ज्ञानेंद्र कुमार एवं मुनि श्री पदम कुमार ने विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को संयम, संस्कार और नशामुक्त जीवन का दिव्य संदेश दिया।

अपने संबोधन में मुनिश्रियों ने कहा कि अहिंसा केवल शारीरिक हिंसा से बचना ही नहीं, बल्कि विचार और वाणी से भी किसी को कष्ट न पहुँचाना है। उन्होंने विद्यार्थियों को परिवार, अनुशासन और बड़ों के सम्मान का महत्व बताते हुए आत्मसंयम को जीवन की सबसे बड़ी शक्ति बताया। साथ ही युवाओं से नशा जैसी सामाजिक बुराइयों से दूर रहने का आह्वान किया।
इस अवसर पर मुनि डॉ. ज्ञानेंद्र कुमार ने विद्यालय की प्राचार्या पुलोमा नंदी को आचार्य महाप्रज्ञ तथा पूर्व राष्ट्रपति ए. पी. जे. अब्दुल कलाम द्वारा रचित पुस्तक “द फैमिली एंड द नेशन” भेंट की।

कार्यक्रम में विद्यालय के चेयरमैन पीयूष अग्रवाल, वाइस चेयरमैन शैलेंद्र गुप्ता, प्रशासनिक पदाधिकारी प्रीतम दास तथा सीनियर एकेडमिक कोऑर्डिनेटर त्रिवेणी पांडेय सहित अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। समाज के विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने भी कार्यक्रम में भाग लेकर आयोजन की गरिमा बढ़ाई।
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय परिवार ने मुनिश्रियों के प्रति आभार व्यक्त किया। विद्यालय प्रबंधन ने कहा कि ऐसे प्रेरणादायी आयोजन विद्यार्थियों में नैतिक मूल्यों, संस्कार एवं सकारात्मक जीवन दृष्टि के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
















