


भागलपुर । विश्व पर्यावरण दिवस 2026 के अवसर पर भागलपुर वन प्रमंडल के तत्वावधान में शुक्रवार को जिलेभर में जन-जागरूकता एवं पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। दिनभर चले इन आयोजनों में हजारों लोगों ने भाग लेकर पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और हरित भविष्य के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।
कार्यक्रम की शुरुआत सुबह सात बजे ‘रन फॉर एनवायरनमेंट’ अभियान से हुई। सुंदरवन से प्रारंभ हुई जागरूकता यात्रा सैंडिस कंपाउंड स्थित जयप्रकाश उद्यान के तितली पार्क तक पहुंची। इस दौरान प्रतिभागियों ने पर्यावरण संरक्षण के नारे लगाए और लोगों को प्रकृति बचाने का संदेश दिया। यात्रा के दौरान पार्क परिसर एवं आसपास के क्षेत्रों में विशेष स्वच्छता अभियान भी चलाया गया। प्रतिभागियों ने प्लास्टिक कचरा और अन्य अपशिष्ट सामग्री एकत्रित कर स्वच्छ वातावरण बनाए रखने का संदेश दिया।

इसके बाद सैंडिस कंपाउंड स्थित स्टेशन क्लब परिसर में भव्य वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में भागलपुर की महापौर, जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी, वरीय पुलिस अधीक्षक प्रमोद कुमार यादव, उप विकास आयुक्त, नगर पुलिस अधीक्षक तथा वन प्रमंडल पदाधिकारी सहित कई वरिष्ठ अधिकारियों ने संयुक्त रूप से पौधारोपण किया। सभी उपस्थित लोगों ने पर्यावरण संरक्षण एवं जिले में हरित आवरण बढ़ाने का संकल्प लिया।
वन विभाग द्वारा पर्यावरण दिवस के अवसर पर जिले के सभी प्रखंडों में पर्यावरण रथ जागरूकता अभियान भी चलाया गया। अभियान के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को वृक्षारोपण, जैव विविधता संरक्षण और पर्यावरण संतुलन के महत्व की जानकारी दी गई। विभिन्न पंचायतों के जनप्रतिनिधियों एवं ग्राम प्रधानों को भी अभियान से जोड़ा गया।
पुलिस विभाग के सहयोग से जिले के कई स्थानों पर पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किए गए। वहीं जयप्रकाश उद्यान में एक अस्थायी पौधा बिक्री केंद्र का उद्घाटन किया गया, जहां लोगों को विभिन्न प्रजातियों के पौधे उपलब्ध कराए गए।
विद्यालयों एवं शैक्षणिक संस्थानों में भी विश्व पर्यावरण दिवस को उत्साहपूर्वक मनाया गया। स्कूली छात्र-छात्राओं के बीच पौधारोपण, रंगोली, चित्रकला, प्रश्नोत्तरी एवं अन्य रचनात्मक प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कृत कर सम्मानित किया गया।

पर्यावरण संरक्षण को जन आंदोलन बनाने के उद्देश्य से विश्वविद्यालयों और विद्यालयों के विद्यार्थियों के बीच निःशुल्क पौधों का वितरण भी किया गया। आयोजकों ने छात्रों से अपने घरों एवं आसपास के क्षेत्रों में पौधारोपण करने और उनकी देखभाल का संकल्प लेने का आह्वान किया।
विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर सुल्तानगंज के अजगैबीनाथ गंगा घाट, बरारी पुल घाट एवं कहलगांव के गंगा तटों पर विशेष स्वच्छता अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान स्वयंसेवकों और स्थानीय लोगों ने घाटों की सफाई कर स्वच्छ गंगा और स्वच्छ पर्यावरण का संदेश दिया।
इधर अरण्य विहार सुंदरवन एवं कहलगांव वन प्रक्षेत्र में स्कूली बच्चों के लिए प्रश्नोत्तरी एवं चित्रकला प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता का विषय पर्यावरण संरक्षण, जैव विविधता और वन्यजीव संरक्षण रखा गया था। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने इसमें भाग लेकर अपनी रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
अरण्य विहार सुंदरवन में आयोजित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में खुशी विक्रम एवं गौरव कुमार की टीम ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। अर्पिता सजल एवं शगुन कुमारी की टीम द्वितीय तथा सत्यम कुमार की टीम तृतीय स्थान पर रही। विजेता प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में वन प्रमंडल पदाधिकारी आशुतोष राज, वन क्षेत्र पदाधिकारी कुमार गौतम एवं अरविंद मिश्रा, बीएनएचएस के सदस्य प्रो. डी.एन. चौधरी, मंदर नेचर क्लब के वरिष्ठ सदस्य प्रो. सुनील अग्रवाल, सचिव डॉ. नरेश पंडित, शिक्षिका कंचन कुमारी, बीएनएचएस टीम की वर्तिका पटेल, अभिलाष, अंबिका राजोरिया, मोहम्मद मोनू, संदीप कुमार, वन परिसर पदाधिकारी दिनेश कुमार सिंह, वनरक्षी आदित्य कुमार सिंह, आदित्य अभिनव, अमरेश कुमार, नीरज कुमार, प्रिया कुमारी एवं निशांत कुमार सहित बड़ी संख्या में अधिकारी, कर्मचारी, छात्र और पर्यावरण प्रेमी उपस्थित रहे।

विश्व पर्यावरण दिवस पर आयोजित इन कार्यक्रमों ने पर्यावरण संरक्षण के प्रति लोगों में नई जागरूकता पैदा की तथा यह संदेश दिया कि प्रकृति की सुरक्षा और हरित भविष्य के निर्माण के लिए सामूहिक प्रयास ही सबसे बड़ा उपाय है।
















