


पूर्णिया।
विश्व हिंदू युवा वाहिनी संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष आशीष गोस्वामी ने श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के ऐतिहासिक भूमि पूजन की छठी वर्षगांठ के अवसर पर देशवासियों, विशेषकर सनातन समाज को शुभकामनाएं एवं बधाई दी है। उन्होंने कहा कि 5 अगस्त भारतीय इतिहास और सनातन संस्कृति के लिए एक महत्वपूर्ण तिथि है, जिसने करोड़ों लोगों की आस्था और लंबे संघर्ष को नई पहचान दी।

जारी प्रेस विज्ञप्ति में आशीष गोस्वामी ने कहा कि श्रीराम जन्मभूमि मंदिर का भूमि पूजन 5 अगस्त 2020 को संपन्न हुआ था। उनके अनुसार यह दिन सनातन समाज की आस्था, धैर्य और लंबे संघर्ष का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि वर्षों तक चले आंदोलन, अनेक संतों, रामभक्तों एवं कारसेवकों के त्याग और बलिदान के बाद मंदिर निर्माण का मार्ग प्रशस्त हुआ, जिसे सनातन समाज के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि के रूप में देखा जाता है।
उन्होंने कहा कि मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम सत्य, धर्म, न्याय, त्याग, करुणा और लोककल्याण के आदर्श हैं। उनके जीवन-मूल्य आज भी समाज को नैतिकता, कर्तव्य और सेवा का संदेश देते हैं। उन्होंने कहा कि श्रीराम जन्मभूमि मंदिर केवल एक धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, आध्यात्मिक चेतना और राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक भी है।
आशीष गोस्वामी ने अपने संदेश में कहा कि यह मंदिर आने वाली पीढ़ियों को भारतीय संस्कृति, सनातन परंपराओं और आध्यात्मिक विरासत से जोड़ने का कार्य करेगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि भगवान श्रीराम के आदर्श समाज में सद्भाव, नैतिक मूल्यों और राष्ट्रहित की भावना को निरंतर सशक्त करते रहेंगे।
अंत में उन्होंने भगवान श्रीराम से देश में सुख, शांति, समृद्धि और सभी नागरिकों के उत्तम स्वास्थ्य की कामना करते हुए कहा कि समाज में आपसी सौहार्द, भाईचारा और धर्म के प्रति आस्था निरंतर बनी रहे।
















