


@ 30 साल पार लोगों की होगी स्क्रीनिंग, 430 केंद्रों पर 9.36 लाख लोगों की जांच का लक्ष्य; मधुमेह, बीपी और कैंसर पर खास नजर।
प्रदीप विद्रोही
भागलपुर। बीमारी गंभीर होने का इंतजार नहीं, अब उसकी शुरुआती आहट पर ही इलाज शुरू करने की तैयारी है। भागलपुर जिले में ‘जांच एवं उपचार – चिकित्सा आपके द्वार’ अभियान का बुधवार से आगाज हो गया। अगले 90 दिनों तक चलने वाले इस अभियान में जिले के 30 वर्ष से अधिक उम्र के करीब 9 लाख 36 हजार लोगों की गैर-संचारी रोगों (NCD) के लिए स्क्रीनिंग की जाएगी।

अभियान के तहत जिले के 430 चिन्हित चिकित्सा संस्थानों को स्क्रीनिंग का केंद्र बनाया गया है। खास बात यह है कि लोगों को जांच के लिए दूर जाने की जरूरत न पड़े, इसके लिए उनके नजदीकी स्वास्थ्य एवं कल्याण केंद्रों तक जांच, परामर्श और उपचार की सुविधा पहुंचाने पर जोर दिया गया है।
अभियान में मुख्य रूप से मधुमेह, उच्च रक्तचाप और कैंसर की शुरुआती पहचान की जाएगी। स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि इन बीमारियों की समय रहते पहचान हो जाए तो आगे होने वाली गंभीर स्वास्थ्य जटिलताओं को काफी हद तक रोका जा सकता है।
भागलपुर विधायक रोहित पांडेय और सुल्तानगंज विधायक ललित नारायण मंडल ने अभियान को जनहित से जुड़ी महत्वपूर्ण पहल बताया। उनका कहना था कि ग्रामीण और दूरदराज के इलाकों में स्वास्थ्य टीमों के सीधे पहुंचने से लोगों को समय पर जांच कराने और बीमारी की शुरुआती अवस्था में उपचार शुरू कराने का फायदा मिलेगा।

सिविल सर्जन डॉ. दीनानाथ ने बताया कि अभियान के दौरान घर-घर और नजदीकी स्वास्थ्य केंद्रों पर गैर-संचारी रोगों की निःशुल्क जांच की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। लोगों को जांच के लिए प्रेरित करने के उद्देश्य से जागरूकता रथ को जिले के सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों तक भेजा जाएगा। उन्होंने 30 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों से अपील की कि वे अभियान के दौरान अपनी स्वास्थ्य जांच जरूर कराएं और परिवार तथा आसपास के लोगों को भी स्क्रीनिंग के लिए प्रेरित करें।
अगले तीन महीनों में करीब 9.36 लाख लोगों तक पहुंचने का लक्ष्य है। विभाग के सामने सिर्फ इतनी बड़ी आबादी की जांच कराने की चुनौती नहीं है, बल्कि जांच के बाद बीमारी से प्रभावित लोगों को उपचार से जोड़ना और उनकी लगातार निगरानी करना भी अभियान की अहम कड़ी होगी।
















