


रातभर चला राहत अभियान, सड़कों से हटाए गए गिरे पेड़
भागलपुर में देर रात आए भीषण चक्रवाती तूफान ने शहर और आसपास के क्षेत्रों में भारी तबाही मचा दी। अनुमानित 85 से 110 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली तेज हवाओं और मूसलाधार बारिश के कारण कई स्थानों पर पेड़ उखड़ गए, सड़कें बाधित हो गईं और जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया।
तूफान थमते ही वन प्रमंडल भागलपुर की टीम रात से ही राहत एवं बचाव कार्य में जुट गई। शहरी क्षेत्रों में सड़कों पर गिरे पेड़ों को तत्काल हटाकर आवागमन बहाल कराया गया। कई इलाकों में अब भी युद्धस्तर पर क्षतिग्रस्त और गिरे पेड़ों को हटाने का कार्य जारी है।
वन विभाग ने बताया कि सार्वजनिक स्थलों और मुख्य सड़कों पर गिरे पेड़ों को प्राथमिकता के आधार पर हटाया जा रहा है, ताकि लोगों को आवाजाही में परेशानी न हो। विभाग ने आम लोगों से धैर्य बनाए रखने की अपील करते हुए कहा है कि शहर एवं आसपास के इलाकों में बड़ी संख्या में पेड़ गिरने के कारण लगातार राहत कार्य चलाया जा रहा है।
वन विभाग ने नागरिकों से आग्रह किया है कि यदि किसी सड़क या सार्वजनिक स्थल पर पेड़ गिरा हो तो इसकी सूचना तुरंत नगर निगम भागलपुर एवं वन विभाग को दें। दोनों विभाग संयुक्त रूप से गिरे पेड़ों और मलबे को हटाने का कार्य कर रहे हैं।
यह पूरा अभियान वनों के क्षेत्र पदाधिकारी कुमार गौतम की मौजूदगी में चलाया जा रहा है। वहीं वन परिसर पदाधिकारी दिनेश कुमार सिंह के नेतृत्व में टीम लगातार राहत कार्य में जुटी हुई है। टीम में वनरक्षी अमरेश कुमार, नीरज कुमार, आदित्य अभिनव, आदित्य कुमार सिंह तथा वनकर्मी मो. नूर खान, अनमोल, विकास, भरत सहित अन्य कर्मी शामिल हैं।
प्रशासन ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और अनावश्यक रूप से घरों से बाहर नहीं निकलने की अपील की है।













