


सिद्धार्थ योगपीठ की इकाई के रूप में संचालित होंगे केंद्र, आचार्य अंशु के मार्गदर्शन में शुरू होगा अभियान
भागलपुर। योग को जन-जन तक पहुंचाने और लोगों को स्वस्थ, संतुलित एवं जागरूक जीवनशैली से जोड़ने के उद्देश्य से सिद्धार्थ योगपीठ की इकाई के रूप में देशभर के शहरों के प्रत्येक वार्ड में सिद्धार्थ योग केंद्र खोलने की योजना बनाई गई है। इस पहल की शुरुआत पायलट परियोजना के रूप में बिहार के भागलपुर और पटना से की जाएगी। इसके बाद चरणबद्ध तरीके से देश के विभिन्न शहरों में केंद्रों का विस्तार किया जाएगा।
सिद्धार्थ योगपीठ के निदेशक आचार्य अंशु के मार्गदर्शन में शुरू होने वाले इन केंद्रों में आसन, प्राणायाम और ध्यान का व्यवस्थित प्रशिक्षण दिया जाएगा। पहल का उद्देश्य योग की पारंपरिक ज्ञान परंपरा और आधुनिक जीवनशैली के बीच समन्वय स्थापित करते हुए लोगों को सरल, सुरक्षित और प्रभावी तरीके से योग से जोड़ना है।

पोस्टर में दी गई जानकारी के अनुसार सिद्धार्थ योग केंद्रों के माध्यम से योगासन, प्राणायाम, ध्यान, योग शुद्धि एवं वैज्ञानिक तकनीक, योग जीवनशैली एवं स्वास्थ्य तथा वैदिक योग पद्धति एवं कुंडलिनी साधना जैसे विषयों पर प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके साथ ही शिक्षक एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।
प्रमाणपत्र पाठ्यक्रम भी होंगे संचालित
सिद्धार्थ योग केंद्र में प्रमाणपत्र पाठ्यक्रम संचालित किए जाने की योजना है। इन पाठ्यक्रमों के अंतर्गत योग प्रशिक्षण से जुड़े विभिन्न विषयों की शिक्षा दी जाएगी। पोस्टर के अनुसार पाठ्यक्रम में सैद्धांतिक एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण, प्रदर्शन एवं अभ्यास, नियमित मूल्यांकन, व्यावहारिक शिक्षण अनुभव तथा सफल अभ्यर्थियों को प्रमाणपत्र प्रदान करने की व्यवस्था शामिल होगी।

योग के क्षेत्र में रोजगार के अवसरों को भी इस पहल से जोड़ा गया है। प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद योग प्रशिक्षक, योग शिक्षक, विद्यालयों में योग शिक्षक, योग वेलनेस केंद्रों में प्रशिक्षक, कॉरपोरेट योग प्रशिक्षक, योग एवं ध्यान केंद्रों के संचालक तथा व्यक्तिगत योग प्रशिक्षक के रूप में कार्य करने के अवसर उपलब्ध होने की जानकारी दी गई है।
स्वास्थ्य और मानसिक संतुलन पर जोर
सिद्धार्थ योग केंद्र के माध्यम से लोगों को बेहतर शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य की दिशा में प्रेरित करने पर जोर दिया जाएगा। नियमित योगाभ्यास से बेहतर शारीरिक और मानसिक क्षमता, शक्ति एवं सही मुद्रा, तनाव प्रबंधन एवं मानसिक शांति, बेहतर पाचन क्षमता, एकाग्रता एवं कार्यक्षमता में वृद्धि तथा स्वस्थ जीवनशैली की आदतों को बढ़ावा देने का लक्ष्य रखा गया है।
सिद्धार्थ योगपीठ की ओर से इस पहल को स्वस्थ, सशक्त, संतुलित और जागरूक समाज के निर्माण से जोड़कर देखा जा रहा है। केंद्रों का उद्देश्य केवल योग का अभ्यास कराना ही नहीं, बल्कि प्रशिक्षित लोगों को आगे योग सिखाने और समाज में योग की उपयोगिता को बढ़ाने के लिए तैयार करना भी है।
समर्थगुरु सिद्धार्थ औलिया होंगे प्रेरणास्रोत
इस अभियान में समर्थगुरु सिद्धार्थ औलिया को प्रेरणा स्रोत एवं मार्गदर्शक के रूप में प्रस्तुत किया गया है। वहीं, पूरे भारत में केंद्रों की शुरुआत सिद्धार्थ योगपीठ की इकाई के रूप में आचार्य अंशु, निदेशक, सिद्धार्थ योगपीठ के मार्गदर्शन में किए जाने की जानकारी दी गई है।
बिहार में टेक्नो स्कूल ऑफ योग सहयोगी
बिहार में इस परियोजना के संचालन में टेक्नो स्कूल ऑफ योग को सहयोगी के रूप में जोड़ा गया है। पायलट परियोजना के तहत भागलपुर और पटना में केंद्रों की शुरुआत के बाद प्राप्त अनुभव के आधार पर अन्य शहरों और क्षेत्रों में इसका विस्तार किए जाने की योजना है।
सिद्धार्थ योगपीठ की ओर से लोगों से इस योग यात्रा से जुड़ने, योग सीखने, नियमित अभ्यास करने और प्रशिक्षित होकर दूसरों को योग सिखाने का आह्वान किया गया है। संपर्क के लिए सिद्धार्थ योगपीठ की ओर से मोबाइल नंबर 90067 38704 जारी किया गया है।















