


नशे में धुत चाचा ने कमरे में बंद किया परिवार, पुलिस की त्वरित कार्रवाई से मिली राहत
नवगछिया : नवगछिया नगर परिषद क्षेत्र के वार्ड संख्या 6 स्थित सिमरा गांव में एक हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक ही परिवार के तीन लोगों को कमरे में बंद कर बाहर से ताला लगा दिया गया। करीब दो घंटे तक बंद कमरे में फंसे रहने के कारण परिवार के सदस्यों की हालत बिगड़ने लगी थी। समय रहते डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची और साहसिक कार्रवाई करते हुए सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला।

पीड़िता रूबी देवी ने बताया कि उन्हें, उनके पति मनोज दास तथा उनकी पतोहू काजू कुमारी को कमरे में बंद कर दिया गया था। महिला का आरोप है कि यह हरकत उनके देवर शंकर दास ने की, जो अक्सर नशे की हालत में घर में विवाद और मारपीट करते रहते हैं।
घटना के संबंध में रूबी देवी के पुत्र दीपक दास ने बताया कि वह काम से घर आने के बाद सब्जी खरीदने मंडी में गया था। वहां से लौटने पर उसने घर के मुख्य दरवाजे पर ताला लगा देखा। पहले उसे लगा कि घर के सभी लोग कहीं बाहर गए होंगे, लेकिन जब उसने आसपास खोजबीन की तो अंदर से आवाज सुनाई दी।
दीपक ने बताया कि अंदर उसके पिता मनोज दास, मां रूबी देवी और पत्नी काजू कुमारी बंद थे। बाहर से दरवाजे में ताला लगा हुआ था। पूछताछ करने पर पता चला कि उसके चाचा शंकर दास ने ही ताला लगाया था।

परिवार के लोगों ने बताया कि बंद कमरे में काफी देर तक फंसे रहने के कारण सांस लेने में दिक्कत होने लगी थी। घबराहट और गर्मी के कारण स्थिति बिगड़ती जा रही थी। इसके बाद दीपक दास ने तुरंत डायल 112 को सूचना दी।
सूचना मिलते ही डायल 112 की टीम महज पांच मिनट के भीतर मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने पहले स्थिति का जायजा लिया और फिर आरोपी शंकर दास को ताला खोलने के लिए कहा। लेकिन वह ताला खोलने को तैयार नहीं हो रहा था। इसके बाद पुलिस टीम ने कड़ी फटकार लगाई, तब जाकर वह चाबी लाने को तैयार हुआ और दरवाजा खोला गया।
दरवाजा खुलते ही कमरे में बंद लोगों ने राहत की सांस ली। परिवार के सदस्यों ने बताया कि यदि थोड़ी और देर हो जाती तो स्थिति गंभीर हो सकती थी।

दीपक दास ने डायल 112 की टीम की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस की तत्परता और साहसिक कार्रवाई से ही उनके परिवार की जान बच सकी। उन्होंने कहा कि यदि पुलिस समय पर नहीं पहुंचती तो वह यह सोचकर वापस चला जाता कि घर में कोई नहीं है और अंदर बंद लोगों के साथ कोई बड़ी घटना हो सकती थी।
परिवार ने आरोप लगाया कि शंकर दास अक्सर नशे में धुत होकर घर में झगड़ा, मारपीट और हंगामा करते रहते हैं। घटना के बाद इलाके में भी चर्चा का माहौल बना हुआ है।
इस कार्रवाई में डायल 112 की टीम के पुलिस पदाधिकारी महेश कुमार राय, राहुल राज, सुनील यादव एवं अरुण कुमार शामिल थे, जिनकी तत्परता की स्थानीय लोगों ने भी सराहना की।
















