


बोले — “NEET परीक्षा खत्म हो, 12वीं के अंकों के आधार पर हो मेडिकल में दाखिला”
पूर्णिया : नीट पेपर लीक मामले को लेकर पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर केंद्र सरकार और परीक्षा प्रणाली पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि देश में पेपर लीक अब एक “घोटाला उद्योग” बन चुका है, जिससे लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हो रहा है।

सांसद ने कहा कि लगातार हो रही धांधलियों और छात्रों पर बढ़ते मानसिक दबाव को देखते हुए नीट जैसी परीक्षाओं को समाप्त कर देना चाहिए। उन्होंने मांग की कि मेडिकल कॉलेजों में दाखिला 12वीं की मेरिट और रैंकिंग के आधार पर होना चाहिए, ताकि कोचिंग माफिया और पेपर लीक सिंडिकेट पर रोक लग सके।
पप्पू यादव ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार हो रही गड़बड़ियों से छात्र तनाव में हैं और कई छात्र आत्महत्या जैसे कदम उठाने को मजबूर हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ बंद करना चाहिए।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने सरकारी नौकरियों में इंटरव्यू प्रणाली खत्म करने की भी मांग उठाई। उनका कहना था कि इंटरव्यू के नाम पर कई जगह जाति, धर्म और आर्थिक आधार पर भेदभाव किया जाता है।

सांसद ने पेपर लीक मामलों को लेकर भाजपा नेताओं पर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि पेपर लीक सिंडिकेट की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और इसमें शामिल लोगों पर कठोर कार्रवाई की जानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि पेपर लीक मामलों में सिर्फ धोखाधड़ी नहीं, बल्कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ हो रहा है। ऐसे मामलों में सख्त कानून बनाकर दोषियों को कठोर सजा दी जानी चाहिए।
पप्पू यादव ने यह भी आरोप लगाया कि कोचिंग माफिया और प्रश्नपत्र सेट करने वाले गिरोह मिलकर इस तरह की घटनाओं को अंजाम देते हैं। उन्होंने कहा कि बिहार सहित कई राज्यों में छात्र आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन उनकी आवाज दबाई जा रही है।

प्रेस वार्ता के अंत में सांसद ने कहा कि वे संसद में पेपर लीक के खिलाफ सख्त कानून बनाने की दिशा में आवाज उठाएंगे, ताकि भविष्य में किसी छात्र के सपनों के साथ खिलवाड़ न हो सके।
















