


मंत्री, डीएम समेत अधिकारियों ने लिया जायजा, युद्धस्तर पर बचाव कार्य जारी
नवगछिया । शुक्रवार तड़के करीब 4:30 बजे रंगरा गांव के समीप कालबालिया धार में गंगा नदी के पानी के भारी दबाव के कारण धोबनिया जमींदारी बांध में करीब 20 फीट का बड़ा कटाव हो गया। बांध में कटाव होते ही तेज बहाव के साथ पानी खेतों में फैलने लगा और देखते ही देखते पानी पीडब्ल्यूडी की 14 नंबर सड़क के किनारे तक पहुंच गया। बांध के कटने से आसपास के गांवों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।

घटना की सूचना मिलते ही प्रशासनिक महकमे में हलचल मच गई। अधिकारियों की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और कटाव स्थल का निरीक्षण किया। पथ निर्माण मंत्री इंजीनियर शैलेंद्र, जिलाधिकारी अंलकृता पांडे, नवगछिया एसडीएम के. परीक्षित, डीसीएलआर शैलेंद्र कुमार सिंह, रंगरा के प्रभारी अंचल अधिकारी आशीष कुमार तथा रंगरा थाना पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया।
अधिकारियों के पहुंचने के बाद तत्काल कटावरोधी एवं बचाव कार्य शुरू कराया गया। प्रशासन की प्राथमिकता पानी के बहाव को नियंत्रित करने के साथ पीडब्ल्यूडी की 14 नंबर सड़क को सुरक्षित रखना है, ताकि पानी सड़क के दूसरी ओर रिहायशी क्षेत्रों की तरफ नहीं फैल सके।

सड़क बचाने के लिए युद्धस्तर पर काम
बांध में कटाव के बाद पानी तेजी से खेतों की ओर फैल रहा है। सड़क और आसपास के रिहायशी इलाकों में पानी के संभावित फैलाव को रोकने के लिए सड़क किनारे डॉवल निर्माण कराया जा रहा है। इसके साथ ही बांध के कटाव वाले हिस्से को मजबूत करने के लिए बांस पाइलिंग और एनसी कार्य की तैयारी की जा रही है।
नदी की ओर से पानी के सीधे दबाव को कम करने के लिए प्लास्टिक शीट बिछाई जा रही है। इसके ऊपर बालू से भरे बोरे लगाए जा रहे हैं, ताकि तेज बहाव का दबाव कम किया जा सके और कटाव को आगे बढ़ने से रोका जा सके। जल संसाधन विभाग एवं प्रशासनिक टीम की निगरानी में बचाव कार्य लगातार जारी है।
मौके पर पहुंचीं डीएम, दिए आवश्यक निर्देश
कटाव की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी अंलकृता पांडे भी घटनास्थल पर पहुंचीं। उन्होंने अधिकारियों और बचाव कार्य में जुटी टीम से स्थिति की जानकारी ली। जिलाधिकारी ने मौके पर मौजूद पदाधिकारियों को कटावरोधी कार्य में तेजी लाने और बांध की लगातार निगरानी करने का निर्देश दिया।
उन्होंने पानी के बहाव, बांध की स्थिति और आसपास के क्षेत्रों पर नजर बनाए रखने को कहा, ताकि कटाव बढ़ने या पानी के रिहायशी क्षेत्रों की ओर जाने की स्थिति में तत्काल आवश्यक कदम उठाया जा सके।
मंत्री ने भी लिया स्थिति का जायजा
पथ निर्माण मंत्री इंजीनियर शैलेंद्र ने भी घटनास्थल का निरीक्षण कर सड़क की स्थिति और पानी के संभावित प्रभाव की जानकारी ली। अधिकारियों ने उन्हें कटाव की स्थिति तथा बचाव कार्य के बारे में जानकारी दी। सड़क की सुरक्षा को देखते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए।
प्रशासन की टीम लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है। कटाव को आगे बढ़ने से रोकने के लिए उपलब्ध संसाधनों के साथ बचाव कार्य तेज किया गया है। वहीं, आसपास के ग्रामीण भी बांध की स्थिति को लेकर चिंतित हैं और प्रशासनिक टीम के साथ मौके पर निगरानी में सहयोग कर रहे हैं।
गंगा के पानी का दबाव बना रहने के कारण प्रशासन ने संवेदनशील स्थल पर सतर्कता बढ़ा दी है। फिलहाल कटाव वाले हिस्से को नियंत्रित करने और पानी के बहाव को सुरक्षित दिशा में रखने के लिए युद्धस्तर पर कार्य जारी है।
















