


होटल, ढाबा और गैरेजों में धावा दल की कार्रवाई, नियोजकों पर होगी एफआईआर
पूर्णिया । श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण विभाग तथा जिला पदाधिकारी पूर्णिया के निर्देश पर जिले में बाल श्रम उन्मूलन अभियान के तहत मंगलवार को विशेष धावा दल अभियान चलाया गया। इस दौरान बनमनखी, कसबा और अमौर प्रखंड में विभिन्न दुकानों, होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा एवं गैरेजों में छापेमारी कर कुल पांच बाल श्रमिकों को मुक्त कराया गया।

श्रम अधीक्षक जगन्नाथ पासवान के मार्गदर्शन में गठित संयुक्त टीम द्वारा यह अभियान संचालित किया गया। अभियान के दौरान बनमनखी से तीन, अमौर से एक और कसबा से एक बाल श्रमिक को मुक्त कराया गया।
धावा दल का नेतृत्व श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी पवन कुमार शर्मा, शुभम प्रियदर्शी एवं आदित्य आकाश ने किया। टीम में श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी संजीव कुमार चौधरी, कुमार गौरव, अमन प्रकाश सहित प्रयास जैक सोसाइटी के सदस्य और स्थानीय थाना पुलिस बल भी शामिल रहे।

छापेमारी के दौरान बाल श्रमिकों को विभिन्न प्रतिष्ठानों में कार्य करते पाया गया, जिसके बाद उन्हें तत्काल मुक्त कर बाल कल्याण समिति के सुपुर्द कर दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि दोषी नियोजकों के खिलाफ बाल श्रम एवं किशोर श्रम (प्रतिषेध एवं विनियमन) अधिनियम 1986 के तहत एफआईआर दर्ज की जाएगी। साथ ही प्रत्येक बाल श्रमिक पर 20 हजार से 50 हजार रुपये तक जुर्माना वसूला जाएगा।
श्रम अधीक्षक जगन्नाथ पासवान ने कहा कि जिले में बाल श्रम के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने लोगों से अपील की कि बाल श्रम जैसी सामाजिक बुराई को खत्म करने में प्रशासन का सहयोग करें और कहीं भी बच्चों से काम कराए जाने की सूचना तुरंत संबंधित विभाग को दें।















